हथियार तस्करों के पास ग्राहक बनकर पहुंचे रांची DSP, डील फाइनल होते ही 5 को किया गिरफ्तार
https://www.jagranimages.com/images/2026/01/12/article/image/Ranchi-News-(1)-1768186768930.jpgहथियार चलाते हुए तस्कर और बरामद असलहा। फाइल फोटो
जागरण संवाददाता, रांची। रांची पुलिस ने हथियार तस्करों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पांच लोगों को हिंदपीढ़ी से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपितों के पास से बड़ी मात्रा में अवैध हथियार और कारतूस बरामद किए गए हैं।
यह कार्रवाई कोतवाली डीएसपी के नेतृत्व में गुप्त सूचना के आधार पर की गई, जिसमें वे स्वयं सादे लिबास में ग्राहक बनकर तस्करों तक पहुंचे थे। पुलिस को सूचना मिली थी कि हिंदपीढ़ी क्षेत्र में कुछ लोग हथियारों की खरीद-बिक्री कर रहे हैं। सूचना की पुष्टि के बाद पुलिस ने योजना बनाकर तस्करों की गिरफ्तारी का जाल बिछाया।
कोतवाली डीएसपी प्रकाश सोय ने खुद ग्राहक बनकर तस्करों से संपर्क साधा। शनिवार रात करीब 11.30 बजे डीएसपी बड़ी मस्जिद लेन पहुंचे, जहां उनकी मुलाकात हथियार तस्कर कबीर से हुई। मुलाकात के दौरान दोनों के बीच पिस्टल को लेकर सौदेबाजी शुरू हुई। कबीर ने डीएसपी को बताया कि पिस्टल की कीमत 70 से 75 हजार रुपये है।
https://smart-cms-bkd-static-media.jnm.digital/jagran-hindi/images/2026/01/12/template/image/67795179-1768186904876.jpg
डीएसपी ने समय लेते हुए लगातार मोलभाव किया और अंत में 42 हजार रुपये में सौदा तय कर लिया। इस दौरान पुलिस के अन्य अधिकारी और जवान पहले से ही आसपास सादे कपड़ों में छिपकर तैनात थे। जैसे ही सौदा तय हुआ, डीएसपी के इशारे पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर कबीर को धर दबोचा।
भारी मात्रा में हथियार बरामद
तलाशी के दौरान कबीर के पास से एक 9 एमएम पिस्टल, दो मैगजीन और 20 गोलियां बरामद की गईं। इसके बाद उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में कबीर ने स्वीकार किया कि वह लंबे समय से अवैध हथियारों की तस्करी में संलिप्त है और विभिन्न अपराधियों को हथियार सप्लाई करता है।
उसकी निशानदेही पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चार अन्य आरोपित शाहनवाज आलम, मो. सैफ, अनुज ठाकुर और अंकित कुमार को भी गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने इनके ठिकानों पर छापेमारी कर 110 गोलियां, एक 9 एमएम पिस्टल, एक फैक्ट्री मेड पिस्टल, तीन कट्टे और लोहे का सिल्वर रंग का छह चक्रिय रिवाल्वर बरामद किया है। मो कबीर, शाहनवाज आलम और अनुज ठाकुर का पहले से आपराधिक इतिहास रहा है।
https://smart-cms-bkd-static-media.jnm.digital/jagran-hindi/images/2026/01/12/template/image/67795186-1768186961257.jpg
इस पूरी कार्रवाई में पुलिस उपाधीक्षक प्रकाश सोय, संजीव बेसरा समेत कई थानों के अधिकारी और सशस्त्र बल के जवान शामिल थे। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि अवैध हथियारों की तस्करी पर सख्ती से रोक लगाने के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे।
फायरिंग करते हुए वीडियो दिखा कर दिया हथियार का डेमो
हथियार तस्कर कबीर से डीएसपी ने हथियार की गुणवत्ता का प्रमाण मांगा तो उसने हथियार चलाने का पहले से रिकार्ड किया गया एक वीडियो अपने मोबाइल में दिखाया। इस वीडियो में एक कार का दरवाजा खोलकर किसी खुली जगह पर पिस्टल से फायरिंग करते हुए तस्कर दिख रहा है।
https://smart-cms-bkd-static-media.jnm.digital/jagran-hindi/images/2026/01/12/template/image/67795181-1768186866292.jpg
वीडियो में फायर होते ही ठांय की आवाज के साथ पिस्टल से आग निकलती दिख रही है। डेमो के तौर पर तस्कर ने अपने मोबाइल में हथियारों से जुड़े कुछ अन्य वीडियो और बेचे जाने वाले हथियारों की तस्वीरें भी दिखाईं। पुलिस ने इन प्रमाणों को जब्त कर लिया है।
कैमूर और मुंगेर से हथियार लाते थे तस्कर
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि गिरफ्तार आरोपित बिहार के मुंगेर जिले में रहने वाले अजमेर आलम से हथियार लाते थे। इसके अलावा कैमूर जिले से भी हथियार और गोलियां लाकर रांची में बेचने का नेटवर्क चलाया जा रहा था। पुलिस अब इनके नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुट गई है और बिहार के विभिन्न इलाकों में छापेमारी की तैयारी की जा रही है।
यह भी पढ़ें- रांची के लापता बच्चों के लिए CID एक्टिव, देशभर में तलाशी अभियान तेज; समिति ने दी है बंद की चेतावनी
यह भी पढ़ें- Jharkhand News: पिपरा BDO पर सरकारी कंबल चोरी करने का आरोप, ग्रामीणों ने गाड़ी रोककर छीनी चाबी
Pages:
[1]