Chikheang Publish time 1 hour(s) ago

सिगरेट से कम नहीं बर्गर-पिज्जा की लत! बचने के लिए अपनाएं ये 4 जादुई तरीके, वरना बाद में होगा पछतावा

https://www.jagranimages.com/images/2026/01/17/article/image/junk-food-side-effects-1768646610016.webp

जंक फूड की लत सिगरेट जितनी खतरनाक (Picture Credit- AI Generated)



लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। लत चाहे स्मोकिंग की हो या किसी गेम की, किसी भी चीज की लत सेहत के लिए हानिकारक होती है। यह जानने के बावजूद भी लोग इन सभी लत को छोड़ नहीं पाते हैं। ऐसी ही एक लत जंक फूड खाने की भी है, जो इन दिनों लोगों में तेजी से बढ़ रही है।

यह तो हम जानते हैं कि पिज्जा, बर्गर और पैकेटबंद स्नैक्स (अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड) मोटापे और डायबिटीज का कारण बनते हैं, लेकिन यह भी सच है कि इन फूड्स को देखकर खुद को रोकना नामुमकिन-सा लगता है। अब तो खुद विज्ञान भी यह मानता है कि जंक फूड की यह तलब सिर्फ भूख नहीं, बल्कि एक गंभीर लत है, जो नशीले पदार्थों की तरह ही काम करती है।
क्या कहती है रिसर्च?

\“ब्रिटिश मेडिकल जर्नल\“ (BMJ) में पब्लिश एक रिसर्च में इसे लेकर एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। इस स्टडी के अनुसार, अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड का हमारे शरीर पर वैसा ही असर होता है, जैसा शराब या तंबाकू का होता है। यानी, जिस तरह एक स्मोकर को निकोटीन की तलब लगती है, वैसे ही हमारे दिमाग को जंक फूड की तलब लगती है।
आखिर क्यों पसंद आता है जंक फूड?

कई बार ऐसा होता है कि हम यह सोचते हैं कि जंक फूड नहीं खाएंगे, लेकिन अपनी इस बात कर टिके रहना कई बार मुश्किल हो जाता है। हम अक्सर सोचते हैं कि यह हमारी जीभ की गलती है, लेकिन असली खेल दिमाग का है।

जब हम चीनी, फैट या नमक से भरपूर फूड्स जैसे कोल्ड ड्रिंक्स, नूडल्स, बर्गर खाते हैं, तो हमारे दिमाग में \“डोपामाइन\“ (Dopamine) रिलीज होता है। यह एक \“फील गुड हार्मोन\“ है, जो हमें कुछ पल की खुशी देता है, जिससे दिमाग को बार-बार वही चीज खाने का सिग्नल मिलता है औ इस तरह यह चक्र लत में बदल जाता है।
नशे जितना खतरनाक कैसे है जंक फूड?

जंक फूड की तुलना नशे से इसलिए की जाती है कि क्योंकि यह अल्ट्रा-प्रोसेस्ड फूड दिमाग के \“रिवॉर्ड सिस्टम\“ को ठीक वैसे ही ट्रिगर करते हैं, जैसे शराब या धूम्रपान करते हैं। यह खतरा तब ज्यादा बढ़ जाता है, जब खाना सिर्फ पेट भरने का जरिया नहीं, बल्कि तनाव दूर करने या मूड ठीक करने का मीडियम (Emotional Eating) बन जाता है। इस तरह से यह आदत धीरे-धीरे इतनी पक्की हो जाती है कि इसे छोड़ना सिगरेट जितना ही मुश्किल हो जाता है।
कैसे पहचाने जंक फूड की लत?

[*]पेट भरा होने के बावजूद चिप्स, पिज्जा या मीठा खाने की क्रेविंग।
[*]घर के सादे खाने से चिड़चिड़ाहट होना।
[*]बार-बार तली-भुनी या पैकेटबंद चीजों की डिमांड करना।

कैसे हानिकारक है जंक फूड

जरूरत से ज्यादा और लगातार जंक फूड खाने से सेहत को कई गंभीर नुकसान हो सकते हैं। इसकी वजह से दिमाग के उस हिस्से में सूजन (Inflammation) आ सकती है, जो भूख को कंट्रोल करता है। इसे मेडिकल की भाषा में \“न्यूरोइन्फ्लेमेशन\“ कहते हैं। इससे आपका दिमाग आपको यह बताना बंद कर देता है कि पेट भर चुका है और आप जरूरत से ज्यादा खाते चले जाते हैं। इस तरह आगे चलकर यह हार्ट अटैक और डायबिटीज जैसी बीमारियों का खतरा कई गुना बढ़ा सकता है।
कैसे कंट्रोल करें जंक फूड की क्रेविंग?

[*]साबुत और नेचुरल चीजें खाएं: मैदे या रिफाइंड वाली चीजों की जगह अपनी डाइट में ताजे फल, हरी सब्जियां और साबुत अनाज शामिल करें। इनमें फाइबर होता है जो पाचन को धीमा करता है।
[*]प्रोटीन की मात्रा बढ़ाएं: जंक फूड की क्रेविंग को कम करने के लिए प्रोटीन को डाइट में शामिल कर सकते हैं। यह भूख को शांत करने का सबसे कारगर उपाय है। इसलिए अपने हर मील में दालें, पनीर, दही, अंडे या स्प्राउट्स जैसे प्रोटीन जरूर लें।
[*]स्ट्रेस मैनेजमेंट है जरूरी: अक्सर तनाव या चिंता होने पर हमारा दिमाग तुरंत राहत पाने के लिए मीठी चीजों या चिप्स की मांग करता है। इसे \“इमोशनल ईटिंग\“ कहते हैं। इसलिए तनाव से बचने के लिए वॉक करें, योग करें या मेडिटेशन की मदद लें।
[*]हेल्दी स्नैकिंग करें: जब भी आपको क्रेविंग होती है, तो हम वही खाते हैं जो सामने होता है। इसलिए अपने पास चिप्स या बिस्किट की जगह भुने चने, बादाम-अखरोट (Nuts), पीनट बटर, दही या सेब जैसे हेल्दी विकल्प रखें।


यह भी पढ़ें- बच्चों की खान-पान की आदतें दे रही हैं हार्ट अटैक को न्योता, डाइट में आज ही करें 5 बदलाव

यह भी पढ़ें- स्कूलों की नई पहल से सुधरेगी किशोरों के खान-पान की आदत, जंक फूड की लत पर काबू पाना होगा आसान
Pages: [1]
View full version: सिगरेट से कम नहीं बर्गर-पिज्जा की लत! बचने के लिए अपनाएं ये 4 जादुई तरीके, वरना बाद में होगा पछतावा

Get jili slot free 100 online Gambling and more profitable chanced casino at www.deltin51.com