मोहाली में हाउसिंग प्रोजेक्ट में करोड़ों की ठगी, फरार दंपती गिरफ्तार नहीं, कंपनी मालिक की पुलिस से गुहार
https://www.jagranimages.com/images/2026/01/18/article/image/mohali3-1768746644660.webpकरोड़ों की धोखाधड़ी में नामजद आरोपित दंपती पर अब साइबर फ्रॉड का भी आरोप। कंपनी मालिक ने दी शिकायत।
संवाद सहयोगी, जीरकपुर। हाउसिंग प्रोजेक्ट में करोड़ों की ठगी के मामले में सेल्स हेड शुभम बेदी ने अपनी पत्नी मंदीप कौर की गिरफ्तारी के लिए पुलिस से गुहार लगाई गई है। सितंबर 2025 में मामला दर्ज होने के करीब पांच महीने बीत जाने के बावजूद दंपती पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
कंपनी मालिक अमित दुआ ने आरोप लगाया है कि उनकी फर्म मेसर्स रोसेरो इंफ्रा एलएलपी में जनरल मैनेजर (सेल्स) के पद पर कार्यरत शुभम बेदी ने अपनी पत्नी मनदीप कौर के साथ मिलकर कंपनी के नाम और दस्तावेजों का दुरुपयोग किया।
आरोप है कि दोनों ने फ्लैट अलॉटमेंट के नाम पर कई लोगों से नकद और बैंक खातों में करीब 14 करोड़ रुपये वसूले, लेकिन यह रकम कंपनी के खातों में जमा नहीं करवाई गई। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपितों ने बिना अधिकार के फर्जी अलॉटमेंट लेटर जारी किए और निवेशकों को गुमराह किया।
इस मामले में थाना जीरकपुर में 18 सितंबर 2025 को केस दर्ज किया गया था। इसके अलावा आरोपितों पर पटियाला के सिविल लाइन थाने में भी पहले से धोखाधड़ी का मामला दर्ज है, जिसमें अदालत द्वारा उनकी जमानत तक रद की जा चुकी है।
इतना ही नहीं, कंपनी के डायरेक्टर अमित दुआ ने हाउसिंग प्रोजेक्ट से जुड़े करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी के मामले में नामजद आरोपित शुभम बेदी पर अब साइबर फ्रॉड का भी आरोप लगाया है।
कंपनी मालिक अमित दुआ ने एसएसपी मोहाली (साइबर क्राइम) को दी शिकायत में आरोप लगाया कि शुभम बेदी उनकी फर्म रोसेरो इंफ्रा एलएलपी के पंजीकृत ट्रेडमार्क रोसेरो-ए रिवोल्यूशनरी इरा का बिना अनुमति दुरुपयोग कर रहा है।
वह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम और फेसबुक पर फर्जी आईडी बनाकर कंपनी के नाम से मिलते-जुलते नाम का इस्तेमाल कर रहा है और झूठी व भ्रामक जानकारियां फैला रहा है। कंपनी मालिक ने साइबर फ्रॉड की जांच कर मामला दर्ज करने की मांग है।
मामला दर्ज हैं, जांच मुझे सौंपी गई है। यह जांच पहले फतेहगढ़ साहिब पुलिस कर रही थी, लेकिन अब जीरकपुर मार्क हुई हैं। आरोपितों की धरपकड़ के लिए छापेमारी की जा रही है। जल्द ही उन्हें काबू कर लिया जाएगा। -गुरप्रीत सिंह, जांच अधिकारी, जीरकपुर
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