एटा चौहरे हत्याकांड का पर्दाफाश: नशेड़ी बेटे ने की मां-बाप, पत्नी और बेटी की हत्या
https://www.jagranimages.com/images/2026/01/20/article/image/adg-etah-1768888902295.webpघटना के बारे में पत्रकारों को जानकारी देतीं एडीजी अनुपम कुलश्रेष्ठ व साथ में मौजूद एसएसपी श्याम नारायण सिंह। जागरण
जागरण संवाददाता, एटा। शहर कोतवाली क्षेत्र के गांव नगला प्रेमी में सोमवार को हुए सनसनीखेज चौहरे हत्याकांड का पुलिस ने पर्दाफाश कर लिया है। इस जघन्य वारदात में मृतक गंगा सिंह का बेटा कमल सिंह ही हत्यारोपित निकला। पुलिस ने पूछताछ के बाद कमल सिंह को हिरासत में लिया है, जहां उसने अपने पिता गंगा सिंह, मां श्यामा देवी, पत्नी रत्ना और बेटी ज्योति की हत्या करने का जुर्म कबूल कर लिया।
बेटे ने ही की मां-बाप, पत्नी व बेटी की हत्या
पुलिस के अनुसार आरोपी नशेड़ी प्रवृत्ति का है और पारिवारिक विवाद के चलते उसने इस खौफनाक घटना को अंजाम दिया। घटना के बाद पुलिस ने मौके से साक्ष्य जुटाए और आरोपी से रात भर पूछताछ की। चारों मृतकों का अंतिम संस्कार शहर के भूतेश्वर पर किया जा रहा है। यहां भी कमल सिंह को नहीं लाया गया। सभी को मुखाग्नि कमल सिंह के बेटे देवांश ने दी।
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कमल सिंह के बेटे देवांश ने दी सभी को मुखाग्नि।
ये था घटनाक्रम
एटा-शिकोहाबाद रोड स्थित नगला प्रेमी में कमल सिंह का ऑप्टिकल स्टोर है। कमल के कैंसर पीड़ित बुजुर्ग पिता गंगा सिंह और मां श्यामा देवी के अलावा पत्नी रत्ना, दो बेटियां लक्ष्मी और ज्योति के अलावा 10 साल का बेटा देवांश रहते थे। पड़ोसियों के अनुसार, छोटी बेटी ज्योति नोएडा में नौकरी करती थी। वहां उसका अफेयर हो गया। स्वजन ने समझाया लेकिन ज्योति के अड़ने पर परिवार शादी को तैयार हो गया था। शादी की तारीख 11 फरवरी तय हो गई। वह तीन दिन पहले नोएडा से शादी की तैयारी के लिए लौटी थी।
कमल घर से निकला और खरीदारी के लिए बोलकर गया था
सोमवार सुबह देवांश स्कूल और बड़ी बेटी 21 वर्षीय लक्ष्मी ऑप्टीकल स्टोर चली गई। कमल यह कहकर घर से निकला कि उसे बाजार खरीदारी को जाना है। घर के मुख्य गेट के पास लगे सीसीटीवी कैमरे की रिकार्डिंग के अनुसार दोपहर वह लौटा और लगभग एक घंटे बाद फिर चला गया। दोपहर सवा दो बजे देवांश स्कूल से आया तो, मकान के दरवाजे खुले थे। अंदर घुसते ही फर्श पर खून ही खून बिखरा देखा। वह घबरा गया। दौड़कर दादा के कमरे में पहुंचा तो पलंग पर गंगा सिंह का शव पड़ा था। बगल में फर्श पर दादी श्यामा देवी अंतिम सांसें गिन रही थीं।
बच्चे की चीख पर भागे लोग
यह देखकर वह चीखते हुए बाहर भागा। बोला मेरे दादा-दादी को मार डाला है। बच्चे को चीखता देख पड़ोसी पहुंचे। अंदर के हालात देखकर होश उड़ गए। वहां के हाल देखकर ऊपर पहुंचे तो वहां कमरे में पलंग पर कमल की पत्नी रत्ना का शव पड़ा था। फर्श पर बेटी ज्योति के गले में दुपट्टे से फंदा कसा था और सिर से खून बह रहा था। सूचना मिलते ही कमल सिंह और आप्टीकल स्टोर से लक्ष्मी घर पहुंच गईं। श्यामा देवी की सांसें चलती देख उन्हें मेडिकल कालेज ले जाया गया, लेकिन उपचार से पहले ही मौत हो गई।
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