कांग्रेस नेता की विजिलेंस जांच क्यों रोकी गई? जयराम ठाकुर ने सुक्खू सरकार पर उठाए सवाल, पार्टी में फूट का किया दावा
https://www.jagranimages.com/images/2026/01/22/article/image/Jairam-Thakur-(2)-1769084366432.webpजयराम ठाकुर ने सुक्खू सरकार पर उठाए सवाल
जागरण संवाददाता, धर्मशाला। हिमाचल प्रदेश के नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सीएम सुक्खू से कांग्रेस के वरिष्ठ नेता के खिलाफ शुरू हुई विजिलेंस जांच को सार्वजनिक करने की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस्तीफे के डर से जांच रोक दी गई है।
जयराम ठाकुर ने कांग्रेस में आंतरिक कलह, अधिकारियों के हस्तक्षेप और सरकार के तनावपूर्ण फैसलों पर भी सवाल उठाए।
नेता प्रतिपक्ष ने दावा किया कि विजिलेंस ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता के खिलाफ जांच शुरू कर दी थी। यह जांच मुख्यमंत्री की सहमति से हो रही थी। डीजीपी ने एसआईटी गठित करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी थी। लेकिन कांग्रेस नेता ने पार्टी हाईकमान दिल्ली जाकर अपनी बात रखी व इस्तीफा देने की बात भी कही। इस्तीफा देने के डर से सुक्खू सरकार ने जांच रोक दी।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जांच को सार्वजनिक करें कि किसकी शिकायत पर जांच हो रही थी। शिकायत में क्या-क्या आरोप लगाए गए थे। यह सब बात जनता के बीच में सार्वजनिक होनी चाहिए।
जयराम ठाकुर धर्मशाला में पत्रकारों को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी में सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है। सरकार के तालमेल का ऐसा दोहरा रवैया पहले कभी नहीं देखा। कांग्रेस सरकार के एक मंत्री अधिकारियों के खिलाफ बयान देते हैं और दूसरा मंत्री कहता है कि अधिकारियों से काम लेना आना चाहिए।
“भाजपा सरकार के वक्त उन्होंने कुछ अधिकारियों को फासले में रखा था, आज वही अधिकारी मुख्यमंत्री को अपने इशारे पर नचा रहे हैं। अधिकारी किसी भी राज्य के हों, लेकिन उन्हें जनहित, राज्य हित व सरकार मुताबिक काम करना चाहिए। लेकिन अधिकारियों पर टिप्पणी सार्वजनिक तौर पर करने के बजाए सरकार नियमों के तहत कार्रवाई कर सकती है।“
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री आजकल बहुत तनाव में है। इसलिए चेयरमैन को मंत्री कहकर संबोधित कर रहे हैं। दोनों पदों में बहुत अंतर होता है। सरकार के फैसले लेने के तरीकों की जगहंसाई हो रही है। ऊना में गोलीकांड, डॉक्टर मरीज की लड़ाई आदि मामलों में बिना सोचे समझे फैसले लिए और बाद में डॉक्टर व मरीज के बीच समझौता प्रेस कॉन्फ्रेंस से बाद निपटी, जबकि पहले डाक्टर को टर्मिनेट तक कर दिया।
राज्य सभा चुनाव में बढ़ जाती है कांग्रेस की लड़ाई
जयराम ठाकुर ने कहा कि जब भी राज्यसभा का चुनाव होता है, हिमाचल कांग्रेस में लड़ाई बढ़ जाती है। इस बार राज्यसभा का चुनाव है, इसमें भी कुछ हो गया तो भाजपा को मत कहना। जबकि कांग्रेस की लड़ाई फूट-फूट कर बाहर आ रही है।
सुक्खू की टिप्पणी पर कोर्ट से संज्ञान लेने की उम्मीद
पंचायती राज चुनाव 30 अप्रैल से पहले करवाने के कोर्ट के फैसले पर मुख्यमंत्री ने टिप्पणी की है। कोर्ट के फैसले पर विचार करना चाहिए, उस पर टिप्पणी नहीं करनी चाहिए। सीएम सुक्खू ने कोर्ट के फैसले पर टिप्पणी की है, इसलिए कोर्ट को टिप्पणी पर संज्ञान लेने की उम्मीद है।
रसातल में कांग्रेस सरकार की लोकप्रियता
जयराम ठाकुर ने कहा कि कांग्रेस सरकार की लोकप्रियता रसातल में चली गई है। आज चुनाव हो जाए, तो बुरी हार होगी। भाजपा ने मनरेगा का नाम बीबीराम जी रखा। सिर्फ नाम बदला तो सुक्खू को तकलीफ हो रही है और धरना दे रहे हैं। जबकि भाजपा सरकार की हिमकेयर, गृहिणी सुविधा योजना, सहारा योजना, मुख्यमंत्री स्वावलंबन व जनमंच और शगुन योजना जैसी कल्याणकारी योजनाओं को बंद कर दिया है। सुखविंदर सिंह सुक्खू सरकार को झेल रही जनता इस वक्त पीड़ा में है।
डिजास्टर के 10 करोड़ जश्न में खर्चे
सुखविंदर सिंह सुक्खू सरकार ने मंडी में तीन साल का जश्न मनाया और इस पर डिजास्टर हेड से 10 करोड़ रुपये खर्च दिया। एचआरटीसी ने तीन साल के जश्न को लगाई बसों का दो करोड़ रुपये का बिल डीसी मंडी को थमा दिया है। जबकी एचआरटीसी बीओडी में फैसला हुआ था कि इस तरह से ज्यादा बसें लेने पर 50 फीसद पैसा पहले जमा होगा। अब यह सवाल है कि क्या 50 फीसद पैसा जमा करवाया था या नहीं।
भाजपा के युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष से पार्टी को उम्मीद
भाजपा के युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन से पार्टी को उम्मीद है। 1980 में भाजपा का गठन हुआ और इस गठन को 45 वर्ष पूरे होने पर 45 वर्ष का ही युवा अध्यक्ष मिला है। उनका कार्यकाल यशस्वी हो और केंद्र और मजबूत हो। पूर्व अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा का छह वर्ष का कार्यकाल सफलतापूर्वक रहा है। पार्टी को मजबूती दिलाई है आज बीजेपी व एनडीए की 20 राज्यों में सरकारें चल री है। श्रीराम मंदिर इसी कार्यकाल में अयोध्या में स्थापित हुआ।
Pages:
[1]