कहानी बदलने की कोशिश? नोएडा में इंजीनियर की मौत पर सोशल मीडिया में उबाल, यूजर्स ने जमकर कसे तंज
https://www.jagranimages.com/images/2026/01/23/article/image/WhatsApp-Image-2026-01-23-at-17.01.41-1769167978863_m.webpप्रशासन के खिलाफ सोशल मीडिया पर फूट रहा लोगों का गुस्सा। जागरण ग्राफिक्स
जागरण संवाददाता, ग्रेटर नोएडा। Social Media Outrage नोएडा के सेक्टर 150 में माल के बेसमेंट के लिए खोदे गए गड्ढे में साफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता की डूबने से हुई मौत का मामला अब इंटरनेट मीडिया पर तूल पकड़ रहा है। शहर वासियों ने इंटरनेट मीडिया पर जिले के पुलिस और प्रशासन पर सवाल खड़े कर कड़ी नाराजगी जाहिर कर रहे हैं।
लोग आरोप लगा रहे हैं कि जिम्मेदार अगर समय रहते कार्रवाई करते तो युवराज की जान बचाई जा सकती थी। लोग विडियो जारी कर कह रहे हैं कि जिम्मेदार विभाग, पुलिस, प्रशासन, दमकल और एसडीआरएफ युवराज की जान बचाने में तो कामयाब नहीं हो सके।
युवराज की छवि धुमिल करने का आरोप
इंटरनेट मीडिया पर शहरवासियों में इस बात को लेकर पुलिस और प्रशासन के खिलाफ कड़ी नाराजगी देखी गई कि मृतक युवराज को न्याय दिलाने के बजाय पुलिस और प्रशासन उसकी छवि को धूमिल करने के लिए उसके पार्टी के कुछ फोटो और वीडियो प्रसारित करा रहे हैं।
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बता दें कि 16-17 जनवरी की मध्य रात्रि गुरूग्राम से वापस नोएडा आ रहे युवराज मेहता की सेक्टर 150 में माल के बेसमेंट के लिए खोदे गए गड्ढे में कार गिरने से डूबकर मौत हो गई। करीब दो से ढाई घंटे तक युवराज कार की छत पर मोबाइल की लाइट जलाकर लोगों से बचाने के लिए मदद की गुहार लगाता रहा। यह पूरा वाकया मृतक के पिता की आंखो के सामने हो रहा था।
पुलिस पर कस रहे तंज
इस दौरान बड़ी संख्या में पुलिस-दमकल एसडीआरएफ कर्मचारी मौजूद थे, लेकिन वह सिर्फ तमाशबीन बने रहे। इस घटना को लेकर लोग इंटरनेट मीडिया पर लोग पुलिस प्रशासन पर निशाना साध रहे हैं और मृतक से जुड़े क्लब के इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हो रहे वीडियो पर भी लोग तंज कस रहे हैं।
इंटरनेट मीडिया के एक्स प्लेटफार्म के एक यूजर पीयूष राय ने मृतक के प्रसारित वीडियो पर लिखा है कि अभी रूक जाइए। मीडिया में यह खबर प्लांट की जाएगी। किस तरह से वह लड़का 500 किमी की रफ्तार से गाड़ी चला रहा था। इसी मामले में छवि नाम की यूजर ने लिखा है कि यह लोग तो 10 की स्पीड से भी उसे बचा नहीं पाए।
एक अन्य यूजर ने लिखा कि भले ही वह पार्टी कर ओवरस्पीड कर रहा था, लेकिन उसकी मौत की वह वजह नहीं है, उसको मारा गया है। पुलिस और प्रशासन से मदद की भीख मांगते हुए। जिसे रात के ठंडे पानी में उतरने से डर लगता रहा।
चरित्र हनन का लगाया आरोप
संतोष कुमार नाम के यूजर ने लिखा कि इस सरकार की एक अच्छी यह बात है कि जब शासन-प्रशासन की चोरी और गलती पकड़ी जाती है, तो यह लोग चरित्र हनन करना शुरू कर देते हैं। एक अन्य यूजर ने लिखा कि लाखों लोग रोज पार्टी करते हैं, शराब पीना कोई कानूनी जुर्म नहीं है।
बैरीकेडिंग होती तो वह बच जाता। पुलिस और प्रशासन खुद टुन्न पड़ा रहा और उसकी मौत हो गई।
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