deltin33 Publish time 1 hour(s) ago

कानपुर देहात में दोस्त के साथ मिलकर बुआ के लड़के को कुल्हाड़ी से मार डाला, 3 साल बाद 2 दोषियों को आजीवन कारावास

https://www.jagranimages.com/images/2026/02/13/article/image/Court-(2)-1770985116617_m.webp



जागरण संवाददाता, कानपुर देहात। करीब साढ़े तीन वर्ष पूर्व चौबेपुर क्षेत्र निवासी एक युवक की उसके ममेरे भाई ने दोस्त के साथ मिलकर कुल्हाड़ी से हमला कर हत्या कर दी थी। मामले में भाई की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था, जिसकी सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश दुर्गेश की कोर्ट में चल रही थी। नियत तिथि पर शुक्रवार को मामले की सुनवाई के दौरान बचाव व अभियोजन की दलीलों को सुनने के बाद न्यायालय ने आरोपित दोनों अभियुक्तों को दोष सिद्ध करते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।


एडीजीसी विवेक त्रिपाठी ने बताया कि जून 2022 में दिलीप नगर मोड़ के पास युवक का शव मिला था। मामले में चौबेपुर कानपुर आउटर निवासी मृतक के भाई राजेश ने पुलिस को दिए शिकायती पत्र में बताया कि उनका भाई ताराचंद्र 14 जून 2022 को छोटी मनोह गणेशगंज महाराज नगर चौबेपुर निवासी अपने मामा के लड़के हर्षित उर्फ हर्ष वाल्मीकि व उसके दोस्त शिवम कुमार के साथ दिलीप नगर में आयोजित ड्रामा कार्यक्रम में गए थे।

मामा का लड़का व उसका दोस्त रात में वापस कानपुर चले गए, लेकिन उनका भाई नहीं लौटा। फोन करने पर मामा के लड़के हर्षित ने फोन नहीं उठाया। काफी तलाश के बाद दलीप नगर मोड़ के पास भाई ताराचंद्र का शव रामकिशन के खेत में पड़ा मिला। मामले में मृतक के भाई की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था, जिसकी सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश छह दुर्गेश की कोर्ट में चल रही थी। दौरान सुनवाई बचाव व अभियोजन में बहस हुई।

मामले में 10 गवाहों को गुजारा गया, जिसमें डा. अभिषेक व नीरज लोहार की गवाही अहम रही। अभियुक्त शिवम ने नीरज लोहार के यहां से ही कुल्हाड़ी खरीदी थी, जो घटना में प्रयुक्त हुई। दौरान सुनवाई दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद न्यायालय ने आरोपित हर्ष उर्फ हर्षित वाल्मीकि व शिवम को दोष सिद्ध करते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही दो-दो लाख रुपये अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड अदा न करने पर अभियुक्त को दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास काटना होगा। अर्थदंड की 90 फीसद धनराशि मृतक की मां को देने का आदेश दिया गया है।

एडीजीसी विवेक त्रिपाठी ने बताया कि एक अप्रैल 2022 को मृतक ताराचंद्र के जन्मदिन पार्टी में उसके मामा का लड़का हर्षित व उसकी बहन गई थी। जन्मदिन पार्टी में हर्षित ने अपनी बहन के साथ ताराचंद्र को आपत्तिजनक स्थिति में देखा था, जिससे वह खुन्नस मानता था और इसी खुन्नस में उसने घटना को अंजाम दिया।

आरोपित हर्षित काल्यानपुर के एक अस्पताल में नौकरी करता था। घटना के दौरान पहने कपड़ों को उसने अस्पताल के एक कमरे में छुपा दिया था, जिसे पुलिस ने बरामद किया। इसके साथ ही अस्पताल के डा. अभिषेक ने उन कपड़ों की पहचान करते हुए न्यायालय में बयान दिए। कुल्हाड़ी से हमला करने पर मृतक के सात चोटें मिली थी और अत्यधिक रक्तस्राव होने से उसकी मौत पोस्टमार्टम में आई थी।
Pages: [1]
View full version: कानपुर देहात में दोस्त के साथ मिलकर बुआ के लड़के को कुल्हाड़ी से मार डाला, 3 साल बाद 2 दोषियों को आजीवन कारावास