Chikheang Publish time 2026-2-13 18:57:35

कोयला तस्करी मामला: रोजाना 1 करोड़ रुपये से ज्यादा की गुंडा टैक्स इकट्ठा

https://www.jagranimages.com/images/2026/02/13/article/image/Coal-Mining-1770989484333_m.webp



राज्य ब्यूरो, जागरण, कोलकाता। बंगाल के कोयला तस्करी मामले में ईडी की जांच में पता चला है कि हर टन कोयले पर गुंडा टैक्स का हिस्सा 1000 रुपये था। हर लारी में करीब 40 टन कोयले की तस्करी होती थी और औसतन हर दिन 300 लारियां झारखंड से राज्य के अलग-अलग ईंट भट्टों और स्पंज आयरन फैक्ट्रियों को गैर-कानूनी कोयला सप्लाई कर रही थीं। इस तरह 2023 से रोजाना औसतन 1.2 करोड़ रुपये की हुए हैं। ईडी ने कोर्ट को सौंपी गई रिपोर्ट में यह दावा किया है।

सूत्रों के मुताबिक गुंडा टैक्स तभी इकट्ठा किया गया जब बिना वैध दस्तावेज वाली लारी झारखंड से आसनसोल-दुर्गापुर इलाके में बेरोकटोक घुस गईं। ईडी का दावा है कि पुलिस के निचले तबके का एक हिस्सा, स्थानीय बदमाश और कोयला माफिया का एक सिंडिकेट 2023 से उस पैसे को इकट्ठा करने में सक्रिय था। कोयला तस्करी मार्च-अप्रैल 2025 तक चली थी।

दो साल से कुछ ज्यादा समय में गुंडा टैक्स के तौर पर कई हजार करोड़ रुपये इकट्ठा किए गए। इसके अलावा, पुलिस की मदद से नकली कंसाइनमेंट और पैड बनाकर सैकड़ों करोड़ रुपये के राजस्व की चोरी की गई।

कोयला तस्करों ने आसनसोल-दुर्गापुर इलाके में स्थानीृय बदमाशों और माफियाओं के साथ मिलकर एक सिंडिकेट बनाया था। और उस सिंडिकेट में एक साझीदार निचले स्तर की पुलिस का एक हिस्सा था।

इसके साथ ही स्थानीय नेताओं का भी एक हिस्सा था। उल्लेखनीय है कि इस पूरे प्रकरण की शुरुआत वर्ष 2020 में हुई थी, जब रेलवे के विभिन्न साइडिंग इलाकों से कोयला चोरी के मामले सामने आए। प्रारंभिक जांच आयकर विभाग ने शुरू की थी, जिसके बा सीबीआइ ने मामला अपने हाथ में लिया।

यह भी पढ़ें- बंगाल के 4 विधानसभा क्षेत्रों में मुस्लिम आबादी से अधिक तार्किक विसंगतियों के मामले, ममता का इलाका भी शामिल
Pages: [1]
View full version: कोयला तस्करी मामला: रोजाना 1 करोड़ रुपये से ज्यादा की गुंडा टैक्स इकट्ठा