गुजरात में 74 लाख वोटरों के नाम हटाए गए, SIR के बाद चुनाव आयोग ने पब्लिश की अंतिम मतदाता सूची
https://www.jagranimages.com/images/2026/02/18/article/image/Gujarat-SIR-1771396967529_m.webpगुजरात में एसआईआर प्रक्रिया पूरी। (फाइल फोटो)
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। चुनाव आयोग (ईसी) ने गुजरात में एसआईआर का काम पूरा कर लिया है। राज्य में यह प्रक्रिया लगभग साढ़े तीन महीने तक चली। मंगलवार को अधिकारियों ने कहा कि प्रक्रिया पूरी होने के बाद जो फाइनल इलेक्टोरल रोल पब्लिश किए, उनके मुताबिक गुजरात में अब कुल वोटर्स की संख्या 4.40 करोड़ हो गई है।
चीफ इलेक्टोरल ऑफिसर (CEO) के ऑफिस ने बताया कि फाइनल मतदाता सूची में 4,40,30,725 वोटर्स के नाम हैं, जो पिछले साल 19 दिसंबर को ड्राफ्ट इलेक्टोरल रोल पब्लिश होने के बाद 5.60 लाख नाम और जुड़े हैं।
कितने नाम हटाए गए?
मसौदा मतदाता सूची में करीब 74 लाख वोटर्स के नाम हटा दिए गए और अब मतदाताओं की कुल संख्या 4.34 करोड़ हो गई, जबकि पहले यह 5.08 करोड़ थी। इस तरह, अंतिम मतदाता सूची में 4.40 करोड़ वोटर्स के साथ 5.60 लाख वोटर्स और जुड़ गए हैं। वोटर लिस्ट में किसी का नाम शामिल करने या हटाने के बारे में आपत्तियां और दावे 19 दिसंबर, 2025 और 30 जनवरी, 2026 के बीच जमा किए गए थे।
इसके बाद, चुनाव अधिकारियों ने आपत्तियों की पुष्टि की और 10 फरवरी तक उनका निपटारा कर दिया। मुख्य चुनाव अधिकारी हरीत शुक्ला ने कहा कि इस कैंपेन में सहयोग के लिए गुजरात के सभी नागरिक शुक्रगुजार और बधाई के हकदार हैं।
कितने कर्मचारियों ने किया काम?
चुनाव आयोग ने बताया कि 34 जिला चुनाव अधिकारियों, 182 वोटर रजिस्ट्रेशन अधिकारियों, 855 असिस्टेंट वोटर रजिस्ट्रेशन अधिकारियों, 50,963 बीएलओ (बूथ लेवल अधिकारियों) और बड़ी संख्या में वॉलंटियर्स की सक्रिय भागीदारी से यह काम तय समय में पूरा हो गया।
एसआईआर की घोषणा के बाद से राज्य भर में 5.08 करोड़ वोटरों को गिनती के फॉर्म बांटने और उसके डिजिटाइजेशन का काम मिशन मोड पर किया गया। इसमें बीएलओ और राजनीतिक पार्टियों के बूथ लेवल एजेंट (BLAs) के बीच मीटिंग की गईं ताकि अलग-अलग वजहों से वापस न आए फॉर्म को वेरिफाई किया जा सके।
हर विधानसभा सीट पर जिन वोटरों के फॉर्म वापस नहीं आए थे, उनकी लिस्ट जिला चुनाव अधिकारी और सीईओ की वेबसाइट पर पब्लिश की गई।
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