देवभूमि में ढाई लाख महिलाएं नए वित्तीय वर्ष में बनेंगी लखपति दीदी, 68 हजार महिला स्वयं सहायता समूहों का हो चुका है गठन
https://www.jagranimages.com/images/2026/02/25/article/image/lakhpatididi-1771988800738_m.webpराज्य ब्यूरो, जागरण, देहरादून। उत्तराखंड राज्य के निर्माण और फिर उसके विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली नारीशक्ति के आर्थिक सशक्तीकरण पर सरकार विशेष जोर दे रही है।
इसी कड़ी में ग्रामीण क्षेत्रों में आजीविका मिशन के तहत गठित 68,000 महिला स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं की सालाना आय एक लाख रुपये से अधिक करने पर ध्यान केंद्रित किया गया है। अभी तक 2.54 लाख से ज्यादा महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं। अब नए वित्तीय वर्ष में भी 2.5 लाख महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
ग्रामीण वेग वृद्धि परियोजना (रीप) की उच्चाधिकार एवं मार्गदर्शन समिति की बैठक में मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने यह लक्ष्य दिया। बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए परियोजना की 677.75 करोड़ रुपये की वार्षिक कार्ययोजना भी अनुमोदित की गई।
मुख्य सचिव ने सचिवालय में हुई बैठक में कहा कि इस वर्ष को अंतरराष्ट्रीय महिला किसान वर्ष के रूप में घोषित किया गया है। इसे देखते हुए महिलाओं की आजीविका के सशक्तीकरण पर विशेष रूप से ध्यान केंद्रित किया जाना चाहिए।
उन्होंने समान कार्य प्रकृति वाले महिला स्वयं सहायता समूहों की पहचान कर उन्हें आजीविका व स्वरोजगार की दृष्टि से बेहतर सहयोग देने की रणनीति तैयार करने को भी कहा। विशेषकर, लखपति दीदी योजना में महिलाओं को विशेष वित्तीय, तकनीकी, पूंजीगत व संस्थागत प्रोत्साहन उपलब्ध कराने को कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए।
यह भी पढ़ें- उत्तराखंड में पलायन प्रभावित 474 गांवों की अब बदलेगी तस्वीर, CM धामी ने की बैठक
जिलों में महिला स्वयं सहायता समूहों व हितधारकों से बैठक कर उनके मुद्दों को समझकर समाधान आधारित कार्ययोजना तैयार करने पर भी मुख्य सचिव ने जोर दिया।
उन्होंने रीप परियोजना से लाभान्वित महिलाओं को विभागीय और केंद्र व राज्य की योजनाओं से जोड़ने, योजनाओं का समेकित विवरण संकलित करने, लाभार्थियों के आर्थिक व सामाजिक सशक्तीकरण को विभिन्न योजनाओं के साथ प्रभावी कन्वर्जेंस सुनिश्चित करने, ग्रामीण परिवारों के उत्थान को ठोस योजना बनाने को गहन होम वर्क के निर्देश भी दिए।
https://smart-cms-bkd-static-media.jnm.digital/jagran-hindi/images/2026/02/25/template/image/{3D39A5CB-59B9-4157-B982-44BD92D83849}-1771989109894.png
अनुपयोगी ग्रोथ सेंटर होंगे सक्रिय
मुख्य सचिव ने ग्रामीण क्षेत्रों में खोले गए 70 ग्रोथ सेंटर में ऐसे सेंटर की पहचान के निर्देश दिए, जिनका समुचित उपयोग नहीं हो पा रहा है। साथ ही इन्हें सक्रिय करने और हाउस आफ हिमालयाज के माध्यम से प्रभावी उपयोग में लाने के लिए ठोस योजना बनाने को कहा।
कार्ययोजना व बजट को अनुमोदन
ग्राम्य विकास सचिव डीएस गर्ब्याल ने नए वित्तीय वर्ष के लिए रीप की वार्षिक कार्ययोजना और बजट पर प्रस्तुतीकरण दिया। वार्षिक कार्ययोजना में स्वरोजगार, आजीविका संवर्द्धन, आय सृजन, स्थानीय संसाधन विकास, कृषि व सहायक गतिविधियों को प्रोत्साहन संबंधी कार्यों को वित्तीय व प्रशासनिक स्वीकृति दी गई।
https://www.jagranimages.com/images/womenday2_780x100.jpghttps://www.jagranimages.com/images/womendayANI2_380x100.gif
Pages:
[1]