नववर्ष पर पूरा क्षेत्र जयकारों से गूंज उठा, भक्तों ने आस्था और भक्ति का प्रदर्शन किया।
जागरण संवाददाता, मीरजापुर (विन्ध्याचल)। नववर्ष 2026 के अवसर पर मां बिन्ध्यवासिनी के धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। 31 दिसंबर की रात से ही दर्शन-पूजन के लिए भक्तों की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई थीं। भीड़ को नियंत्रित करने के चलते मंदिर का मुख्य द्वार रात 12:30 बजे बंद कर दिया गया। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
1 जनवरी को मंगला आरती से पहले ही श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ती रही। हालात ऐसे बन गए कि गेट नंबर 3 व 2 से गेट नंबर 1 की ओर जाने वाले मार्गों पर पैर रखने तक की जगह नहीं बची। श्रद्धालु घंटों तक लाइन में खड़े रहकर माता के दर्शन की प्रतीक्षा करते नजर आए।
भीड़ नियंत्रण के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहा। एसपी सिटी स्वयं झांकी पर खड़े होकर व्यवस्था का जायजा लेते रहे। वहीं 12 थानों की पुलिस फोर्स मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में तैनात रही, जो लगातार भीड़ को संभालने में जुटी रही।
नववर्ष के पावन अवसर पर मां विन्ध्यवासिनी के जयकारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय माहौल में डूबा रहा। श्रद्धालुओं ने मां के प्रति अपनी आस्था और भक्ति का प्रदर्शन करते हुए मंदिर में पहुंचकर दर्शन किए। इस अवसर पर भक्तों ने एक-दूसरे के साथ मिलकर भजन-कीर्तन भी किए, जिससे वातावरण और भी भक्तिमय हो गया।
मंदिर प्रशासन ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए विशेष व्यवस्था की थी। श्रद्धालुओं के लिए जलपान की व्यवस्था की गई थी, ताकि वे लंबी कतार में खड़े रहने के दौरान थकान महसूस न करें। इसके अलावा, सुरक्षा के दृष्टिकोण से सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए थे, जिससे किसी भी अप्रिय घटना से निपटा जा सके।
मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की संख्या इतनी अधिक थी कि कई भक्तों को दर्शन के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा। इस दौरान, भक्तों ने एक-दूसरे के साथ मिलकर मां बिन्ध्यवासिनी की महिमा का गुणगान किया।
इस प्रकार, नववर्ष के इस पावन अवसर पर मां बिन्ध्यवासिनी के धाम में श्रद्धालुओं की अपार भीड़ ने यह सिद्ध कर दिया कि आस्था और भक्ति के आगे किसी भी प्रकार की बाधा नहीं ठहर सकती। भक्तों की यह उमंग और उत्साह निश्चित रूप से इस पवित्र स्थल की महत्ता को और भी बढ़ाता है। |