भारतीय पासपोर्ट की फाइल फोटो।
जागरण संवाददाता, गाजियाबाद। मेरठ और नोएडा के पासपोर्ट आवेदकों के लिए अच्छी खबर है। यहां मौजूद डाकघर पासपोर्ट सेवा केंद्रों का विस्तार किया जाएगा। इनके विस्तार होने से आवेदन करने वालों की संख्या दो गुनी हो जाएगाी। आवेदकों को गाजियाबाद आने की जरूरत नहीं होगी।
क्षेत्रीय पासोपोर्ट अधिकारी अनुज स्वरूप ने पत्रकारों से वार्ता करते हुए वर्ष भर की उपलब्धियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गाजियाबाद से बीते वर्ष में अभी तक 3,55,094 पासपोर्ट जारी हुए, जिसमें गत वर्ष के मुकाबले 31,808 पासपोर्ट अधिक जारी किए गए। एक वर्ष में 11,308 पुलिस क्लीयरेंस सर्टिफिकेट(पीसीसी) भी जारी किए गए। गाजियाबाद क्षेत्रीय पासपोर्ट कार्यालय से प्रक्रिया के तहत 13 जनपदों के पासपोर्ट बनाकर जारी किए जाते हैं। इनमें नौ जिलों में डाकघर पासपोर्ट सेवा केंद्र बने है।
पासपोर्ट कार्यालय में प्रेसवार्ता के दौरान जानकारी देते क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी अनुज स्वरुप (आइएफएस)। जागरण
उन्होंने बताया कि इन पीएसपीएसके पर एक काउंटर होने के कारण आवेदनों की संख्या 40 से 50 प्रतिदिन ही रहती है। सबसे ज्यादा आवेदकों की संख्या गाजियाबाद के बाद गौतमबुद्धनगर और मेरठ की है। आवेदकों की समस्या को देखते हुए मेरठ और नोएडा स्थित पीओपीएसके का विस्तार के साथ ही कांउटर की संख्या बढाई जाएगी।
इससे आवेदन करने वालों की संख्या दो गुनी हो जाएगी। इन केंद्रों के विस्तार के बाद यह संख्या जो से तीन गुना तक बढ़ जाएगी। इससे इन जिलों के लोगों को गाजियाबाद आने की जरूरत नहीं होगी और गाजियाबाद पीएसके पर लोड कम होने से आवेदकों को जल्दी का अप्वाइंटमेंट मिस सकेगा।
वर्ष भर के 33 शनिवार में भी हुआ काम
बीते वर्ष में सबसे अधिक पासपोर्ट बनने का कारण यह भी है कि पूरे साल में 33 शनिवार को कार्यालय खोला गया था। इसके अलावा डाकघर पासपोर्ट सेवा केंद्रों पर पासपोर्ट मेले लगाए गए थे। पिछले दो वर्ष से अधिक समय से पासपोर्ट सेवा आपके द्वार के तहत मोबाइल वैन भी चलाई गई।
ई-पासपोर्ट की भी शुरुआत
सेवा प्रोग्राम वर्जन 2.0 के तहत गाजियाबाद पासपोर्ट कार्यालय में अब आवेदकों को ई-पासपोर्ट जारी किए जा रहे हैं। इन पासपोर्ट में एक विशेष चिप लगी होती है। इस चिप में आवेदक का पूरा ब्यौरा होने के साथ बायोमैट्रिक हिस्ट्री भी होती है।
इस कारण इमीग्रेशन के दौरान पासपोर्ट धारकों को जांच में भी कम समय लगता है। पिछले कई माह से अब सभी आवेदकों को ई-पासपोर्ट जारी किए जा रहे हैं।
इन बिंदुओं के तहत किया गया कार्य
- साल में कई बार पासपोर्ट अदालत आयोजित की गई
- पूरे साल में पासपोर्ट मेलों का आयोजन किया गया
- पासपोर्ट आपके द्वार के तहत पासपोर्ट मोबाइल वैन की शुरुआत की गई
- पूरे साल 33 शनिवार (अतिरिक्त कार्य दिवस) को कार्यालय खोला गया
- लंबित आवेदनों के निस्तारण के लिए वाक-इन सेवा लागू की गई
इन 13 जिलों के बनते है पासपोर्ट
आगरा, अलीगढ, बागपत, बुलंदशहर, गौतमबुद्धनगर, गाजियाबाद, हाथरस, मथुरा, मेरठ, मुजफ्फरनगर, हापुड, शामली, सहारनपुर
पिछले तीन साल में जारी पासपोर्ट की संख्या
वर्ष जारी पासपोर्ट
2025 3,55,094
2024 3,23,286
2023 3,19,676 |