चंडीगढ़ में शनिवार को दिनभर सूरज के दर्शन नहीं हुए और बर्फीली हवाओं ने कंपकंपी छुड़ाई।
जागरण संवाददाता, चंडीगढ़। शहर शीतलहर और घने कोहरे ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले सात दिनों तक ठंड से राहत मिलने की कोई उम्मीद नहीं है।
शनिवार को दिनभर सूरज के दर्शन नहीं हुए और बर्फीली हवाओं ने कंपकंपी छुड़ाई। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों के लिए कोहरे और शीतलहर का अलर्ट जारी किया है, जबकि इसके बाद के दिनों के लिए येलो अलर्ट घोषित किया गया है।
अधिकतम तापमान सामान्य से 3.8 डिग्री कम दर्ज किया गया और यह 14.4 डिग्री सेल्सियस पर सिमट गया, जबकि न्यूनतम तापमान 9.3 डिग्री सेल्सियस रहा। सुबह और देर रात दृश्यता बेहद कम रहने की संभावना जताई गई है, जिससे सड़क और हवाई यातायात प्रभावित हो सकता है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से पंजाब, चंडीगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में सात जनवरी तक शीतलहर और कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है। हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों में हो रही बर्फबारी के कारण मैदानी क्षेत्रों में ठंडी हवाओं का असर तेज हो गया है।
इसका असर चंडीगढ़ के साथ-साथ मोहाली और पंचकूला में भी देखने को मिल सकता है, जहां कोल्ड-डे जैसी स्थिति बनने की आशंका है। ठंड के कारण सुबह और शाम के समय लोग घरों में कैद रहने को मजबूर हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार अचानक तापमान गिरने से सर्दी, खांसी, बुखार, सांस संबंधी और हृदय रोगियों की समस्याएं बढ़ सकती हैं।
मौसम विभाग ने बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। लोगों से अपील की गई है कि वे सुबह और देर शाम अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें, गर्म कपड़े पहनें और खुद को ठंड से सुरक्षित रखें। वाहन चालकों को कोहरे के दौरान धीमी गति से वाहन चलाने और फॉग लाइट का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है। |
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