नई दिल्ली। 10 रुपये के सिक्के को लेकर अक्सर ये विवाद चलता आया है कि कौन-सा सिक्का असली या नकली है। इस कन्फ्यूजन के चक्कर में हम असली सिक्के को नकली समझ बैठते हैं। मार्केट में 10 रुपये के ऐसे कई सिक्के है, जिन्हें आम जनता स्वीकार नहीं करती। आज हम इन्हीं में से कुछ 10 रुपये के अलग-अलग सिक्कों के बारे में बात करेंगे।
कौन-से सिक्के असली या नकली?
- माता रानी वाली सिक्का- हमें शॉपिंग करते वक्त या रिक्शेवाले चेंज में 10 रुपये के माता रानी वाले सिक्के देते हैं। इन सिक्कों को बहुत से स्वीकार नहीं करते या लेने से माना कर देते हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि ये नकली है, लेकिन ऐसा नहीं है।
- सरकार द्वारा साल 2013 में माता वैष्णो देवी की सिल्वर जुबली पर ये सिक्का मिंट किया था।
- संसद वाला सिक्का-सिक्के में अक्सर संसद भी प्रिंट हुआ दिखता है। ये सिक्का भी असली है। इसी तरह डायमंड
- वाले सिक्के भी निकली समझा जाता है। कई बार सिक्के में महात्मा गांधी प्रिंट हुआ होता है। ये भी असली है। इसे साल 2015 में मिंट किया गया था।
- अशोक चक्र वाले सिक्के को देखकर भी लोग इसे नकली समझ बैठते हैं। अशोक चक्र लायन कैपिटल बना हुआ सिक्का भी असली है।
आप असली सिक्के के बारे में आरबीआई से खुद पूछ भी सकते हैं।
आरबीआई से पूछे कौन-सा असली या नकली?
वैसे तो आप आरबीआई द्वारा प्रेस रिलीज में जारी किए गए 14 अलग-अलग डिजाइन के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। लेकिन ये अपडेट 8 साल पहले की है। अगर आपको अपेडट जानकारी चाहिए, तो कॉल के जरिए भी पता लगाया जा सकता है।
असली सिक्के की पहचान के लिए आपको रिजर्व बैंक के टोल फ्री नंबर 14440 पर कॉल करना होगा। आपके द्वारा कॉल लगाते ही वे कट जाएगा। जिसके बाद आपको आईवीआर से तुरंत एक कॉल आएगा। इस कॉल के माध्यम से आपको असली सिक्के के बारे में बताया जाएगा। |
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