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एसपी कार्यालय के सामने आड़ा तिरछा खड़ा आटो और पीछे लगा जाम। जागरण
जागरण संवाददाता, हमीरपुर। हमीरपुर में आटो और ई-रिक्शा चालकों की मनमानी भारी पड़ रही है। यातायात नियमों को ताक पर रखते हुए कहीं पर भी ब्रेक लगा देना, आम बात है। चालक इतने बेखौफ हैं कि एसपी कार्यालय के सामने भी सवारियां बैठाने को लेकर दबंगई करने से नहीं चूकते। फिर चाहे जाम लगे या फिर यात्रियों को असुविधा हो, इनकी बला से। मजे की बात यह है कि यहां मौजूद यातायात पुलिस के जवान भी इनकी मनमानी पर कार्रवाई की जगह नजरें फेर लेना उचित समझते हैं।
शहर में आटो चालकों की मनमानी का एक वाक्या रविवार दोपहर करीब दो बजे पुलिस अधीक्षक कार्यालय के सामने देखने को मिला। सवारी भरने को लेकर दो आटो चालक बीच रोड पर ही भिड़ गए। इसी दौरान एक आटो चालक ने अपने आटो रिक्शा को बीच सड़क पर तिरछा खड़ाकर दूसरे आटो को रोक लिया। इसके बाद दोनों के चालकों में मुहांचाही होने लगी। इससे वहां जाम की स्थिति बन गई। इस बीच उनके पीछे रोडवेज व अन्य वाहनों की कतार लगने लगी।
सवारियों व आस-पास के लोगों ने समझाने का प्रयास किया पर आटो चालक किसी की मानने को तैयार नहीं हुए। उल्टे उनमें से एक धमकी देने लगा मेरा क्या होगा ज्यादा से ज्यादा आटो ही तो सीज होगी। रविवार की घटना एक उदाहरण मात्र है। शहर में डग्गामार व आटो चालकों की दादागिरी से आए दिन सड़क पर अराजकता का माहौल बनता है।
आटो चालकों की मनमानी से रोज लगता जाम
एसपी कार्यालय से लेकर अमन शहीद तिराहे तक इनकी धमाचौकड़ी से जाम की भी स्थिति बनी रहती है। आए दिन आटो चालक सवारी भरने को लेकर झगड़ते दिखाई देते हैं, और मुख्य सड़क पर आड़ा तिरछा वाहन लगाकर समस्या उत्पन्न करते हैं। दूसरी तरफ यातायात पुलिस इन पर कार्रवाई की जगह नजरे फेर कर काम चलाती है।
स्टैंड के लिए नहीं है कोई तय स्थान
शहर में आटो और ई-रिक्शा का संचालन तो भरपूर होता है, इनका संचालन करने के लिए नगर पालिका बाकायदा पड़ाव शुल्क भी लेती है, लेकिन उनके सवारी भरने और खड़ा करने के लिए कोई भी तय स्थान नहीं है। ऐसे में उक्त वाहन चालक मनमानी करते हुए कहीं पर भी अपने वाहन खड़े कर देते हैं।
आटो चालकों के बीच विवाद की बात सामने आई थी। घटना के समय कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची थी, जो दोनों आटो चालकों को कोतवाली लेकर चली गई।
- हरवेंद्र, यातायात प्रभारी
एआरटीओ व चालकों के साथ जल्छ बैठक कराई जाएगी। विवाद न हो इसके लिए नंबर से सवारियां भरने के निर्देश दिए जाएंगे। नियमों का पालन न करने वाले चालकों पर कार्रवाई होगी।
- राजेश कमल, सीओ सदर |
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