हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू। जागरण आर्काइव
राज्य ब्यूरो, शिमला। हिमाचल प्रदेश कार्मिक विभाग ने शिक्षा एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के शिक्षकों को छोड़ तृतीय व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के सामान्य तबादलों से 31 मार्च 2026 तक रोक हटा दी है। ऐसे में अब संबंधित मंत्री कर्मचारियों के तबादले कर सकेंगे। हालांकि तबादलों को लेकर 2013 और उसके बाद समय-समय पर जारी निर्देशों का पालन करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
कार्मिक विभाग ने इस संबंध में विस्तृत दिशा निर्देश जारी किए हैं। आदेश के अनुसार संबंधित मंत्री 31 मार्च तक सीमित दायरे में तबादले कर सकेंगे, लेकिन इसके लिए सरकार की ओर से तय किए गए व्यापक दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करना अनिवार्य होगा।
कर्मचारियों को यह सुविधा भी दी गई है कि वे अपने विभाग में सीधे तबादले के लिए आवेदन कर सकते हैं।
मनमाने या बड़े पैमाने पर तबादले नहीं होंगे
किसी भी स्थिति में मनमाने या बड़े पैमाने पर तबादले नहीं होंगे। सामान्यतः तीन वर्ष का कार्यकाल पूरा कर चुके कर्मचारियों को ही तबादले के दायरे में लिया जाएगा। साथ ही, प्रशासनिक आवश्यकता को प्राथमिकता दी जाएगी।
तीन प्रतिशत से अधिक नहीं होंगे तबादले
आदेश में यह भी कहा गया है कि किसी भी विभाग, बोर्ड, निगम या विश्वविद्यालय में तबादलों की संख्या संबंधित श्रेणी की कुल संख्या के तीन प्रतिशत से अधिक नहीं होनी चाहिएं। इस सीमा का पालन सुनिश्चित करने की व्यक्तिगत जिम्मेदारी विभागाध्यक्षों, प्रबंध निदेशकों, मुख्य कार्यकारी अधिकारियों और रजिस्ट्रार की होगी। इस संबंध में कार्मिक विभाग के उप सचिव की तरफ से दिशानिर्देश जारी किए गए हैं।
छोटे प्रवास, कम दूरी या अन्य किसी प्रकार की छूट के लिए मुख्यमंत्री की अनुमति आवश्यक
कार्मिक विभाग ने सामान्य तबादलों पर रोक हटाने के साथ ये स्पष्ट किया है कि एक स्थान पर निर्धारित तीन साल से कम अवधि और छोटे प्रवास, कम दूरी और अन्य किसी भी प्रकार की छृट के लिए मुख्यमंत्री की ऐसे मामलों में स्वीकृति आवश्यक होगी। जो संबंधित मंत्री के माध्यम से ली जाएगी।
जुलाई 2025 में लगाई गई थी सामान्य तबादलों पर रोक
प्रदेश कार्मिक विभाग ने जुलाई 2025 में तृतीय व चतुर्थ श्रेणी के सामान्य तबादलों पर रोक लगाई थी। ऐसे में कई वर्षों से एक स्थान पर बैठ कर्मचारियों के तबादले हो सकेंगे। इससे पूर्व मुख्यमंत्री की अनुशंसा पर ही तबादले हो रहे थे।
यह भी पढ़ें: हिमाचल: सैनिक स्कूल सुजानपुर के भवन में भड़की आग, तीसरी मंजिल पर अचानक उठने लगी लपटें व धुआं
यह भी पढ़ें: मनाली की ऊझी घाटी में 42 दिन न बजेगा डीजे और न चलेगा टीवी, सदियों से हो रहा देव प्रतिबंध का पालन; होटलों में भी रहेगी मनाही |
|