सांकेतिक तस्वीर।
जागरण संवाददाता, आगरा। टेंपो से जीवनी मंडी पुलिस चौकी तक न छोड़ने से बौखलाकर दूधिया को थर्ड डिग्री देने वाले चौकी प्रभारी और उनके तीन सहयोगियों पर कानून का शिकंजा कस गया है। उनके खिलाफ छत्ता थाने में मारपीट और गाली गलौज की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
चौकी प्रभारी पूर्व में ही निलंबित किए जा चुके हैं। घटना के बाद लाइन हाजिर किए गए एक दारोगा और दो सिपाहियों पर भी निलंबन की तलवार लटकी है। सैंया के बाग किशोरा वीरई के रहने वाले नरेंद्र कुशवाह शहर में घर-घर दूध बांटते हैं। दो जनवरी को वे बड़े भाई धीरज के साथ शहर में दूध देने आए थे।
गरीब नगर के पास टेंपो खड़ा करके बड़ा भाई दूध बांटने चला गया था। इसी बीच चौकी प्रभारी रविंद्र कुमार के साथ अन्य पुलिसकर्मी वहां पहुंचे। उन्होंने नरेंद्र ने टेंपो जीवनी मंडी पुलिस चौकी तक ले चलने को कहा। टेंपो न चला पाने के कारण उन्होंने छोड़ने से इन्कार कर दिया था।
आरोप है कि इस पर चौकी प्रभारी रविंद्र कुमार व अन्य पुलिसकर्मी भड़क गए। पुलिसकर्मियों के साथ बाइक से पुलिस चौकी ले जाकर डंडे से पीटा और प्लास थर्ड डिग्री दी। पीट-पीटकर दो डंडे तोड़ दिए, तलबों पर इस कदर डंडे मारे कि पैरों में सूजन आ गई थी। मामला उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के सामने उठा।
इसके बाद कुशवाह समाज के अन्य नेता भी पहुंचे, जिससे राजनीति गरमा रही थी। पुलिस आयुक्त ने चौकी प्रभारी को निलंबित कर दिया और दारोगा सनी व हेड कांस्टेबल संजय व कांस्टेबल राज विहारी को लाइन हाजिर किया गया था। मामले की जांच एसीपी छत्ता शेषमणि उपाध्याय ने की थी।
पीड़ित नरेंद्र कुशवाह के पिता ओमवीर कुशवाह की तहरीर पर छत्ता थाना पुलिस ने चौकी इंचार्ज के साथ ही दारोगा, हेड कांस्टेबल व कांस्टेबल के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि तहरीर के आधार पर मारपीट, गाली गलौज सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। |