जागरण संवाददाता, कुरुक्षेत्र। पुलिस ने 30 दिसंबर को थीम पार्क में मिली सिर कटी लाश की गुत्थी को 21 दिन बाद सुलझा लिया। यह शव पानीपत के खोजकीपुर गांव के दिव्यांग सुनील (35) का निकला।
गांव के ही दोस्त मोहित ने 102 किमी दूर दो साथियों के साथ सुनील की गर्दन को घुमा-घुमाकर चाकू से काटा था। सिर को चादर में लपेटकर सन्निहित सरोवर में फेंक दिया था। हत्या के कारण उधार लिये रुपये नहीं देने और अवैध संबध बताए जा रहे हैं। पुलिस ने आरोपित मोहित, उसके साथी पानीपत के गांव हड़ताड़ी के मंजीत सिंह उर्फ काकू को गिरफ्तार कर लिया है। तीसरा आरोपित अंकुश फरार है।
कृत्रिम पैर से हुआ रहस्योद्घाटन
30 दिसंबर 2025 को थीम पार्क में सिर कटी धड़ और 13 जनवरी को सन्निहित सरोवर में सिर मिला था। मृतक सुनील दिव्यांग था और दायां पैर कृत्रिम लगाया था। इस पर जयपुर के पते का एक स्टीकर लगा था। पुलिस ने विकलांग समिति जयपुर में संपर्क किया। समिति से प्रदेश के कृत्रिम दायां पैर लगवाने वाले 184 लोगों की सूची मिली। इसी सूची के आधार पर सभी दिव्यागों से संपर्क किया गया।
मृतक सुनील का मोबाइल नंबर नहीं मिलने पर पुलिस टीम ने उसके घर जाकर पता किया। सुनील के पिता ने उसे पहचान लिया। उन्होंने थाना बापौली में चार जनवरी को सुनील की गुमशुदगी का मामला दर्ज कराया था। 29 दिसंबर की रात सुनील, मोहित, मंजीत उर्फ काकू और अंकुश उर्फ अंकित ट्रेन से कुरुक्षेत्र पहुंचे। सभी ने एक होटल में खाना खाया। इसके बाद थीम पार्क में सुनील की हत्या कर दी।
सुनील की बाइक चलाता था मोहित
आरोपित मोहित ज्यादातर सुनील के साथ रहता था। दोनों एक ही फैक्ट्री में काम करते थे। सुनील के नाम से ही बाइक ली थी। सुनील शराब पीने का आदी था। शराब के लिए मोहित से ही रुपये मांगता था।
रुपये न देने पर बाइक वापस लेने की बात कहता था। पुलिस अधीक्षक नीतीश अग्रवाल ने बताया कि इस रंजिश के चलते मोहित ने साथियों के साथ मिलकर हत्या की। पानीपत में ही दुकान से नया चाकू खरीदकर ट्रेन से कुरुक्षेत्र पहुंचे।
वाहन तलाशती रही पुलिस, आरोपित पैदल ही थीम पार्क में पहुंचे
सीसीटीवी फुटेज व अन्य तथ्यों में पुलिस किसी वाहन के आधार पर तलाश में जुटी थी। सैकड़ों वाहनों की जांच के बाद भी मामले का खुलासा नहीं हो पा रहा था। वारदात से पहले तीनों आरोपित और सुनील पैदल ही थीम पार्क की ओर गए थे। अंधेरे और धुंध के चलते सीसीटीवी फुटेज में चेहरे स्पष्ट नहीं हो पाए थे।
पुलिस ने दोनों आरोपितों को अदालत में पेश कर पांच दिन के रिमांड पर लिया है। आरोपितों से वारदात में प्रयोग चाकू और अन्य आरोपितों की जानकारी जुटाएगी। पुलिस को शक है कि इस मामले में कुछ अन्य आरोपित भी हत्यारों के साथ शामिल हो सकते हैं। -निरीक्षक मोहन लाल, प्रभारी, सीआइए-2, कुरुक्षेत्र।
निर्मम हत्या के पीछे अवैध संबंधों का ही जताया जा रहा अंदेशा
पुलिस को पहले से ही अंदेशा था कि इस तरह की निर्मम हत्या के पीछे बड़ा कारण अवैध संबंध ही हो सकता है। पुलिस का मानना था कि सामान्य लड़ाई-झगड़े से मारपीट में आरोपित इतनी बेरहमी से गर्दन नहीं काटता।
पुलिस ने सुनील की पत्नी को पूछताछ के लिए रविवार की रात हिरासत में लिया था, लेकिन उसे छोड़ दिया। इस एंगिल से भी जांच की जा रही है कि हत्या में उसका हाथ है या नहीं। |
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