ओडिशा विधानसभा में किसानों के मुद्दे पर हंगामा
जागरण संवाददाता, भुवनेश्वर। राज्य विधानसभा में किसान-विरोधी नीति, मंडी व्यवस्था और कटनी-छंटनी के मुद्दे पर विपक्ष के तीखे तेवर देखने को मिले।लगातार तीसरे दिन भी सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से नहीं चल सकी। विधानसभा की शुरुआत होते ही विपक्षी दलों ने जोरदार हंगामा शुरू कर दिया, जिसके चलते मात्र पांच मिनट ही प्रश्नकाल चल पाया।
विपक्षी सदस्य हाथों में प्लेकार्ड लेकर सदन के बीचों बीच आ गए और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। किसान-विरोधी नीतियों का आरोप लगाते हुए विपक्ष ने मंडियों की बदहाल स्थिति और धान खरीद में कटनी-छंटनी का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। हंगामा इतना बढ़ गया कि सदन की कार्यवाही आगे बढ़ाना संभव नहीं हो सका।
सदस्यों से बार-बार शांति बनाए रखने की अपील
स्थिति को संभालने के लिए विधानसभा अध्यक्ष सुरमा पाढ़ी ने सदस्यों से बार-बार शांति बनाए रखने और अपने स्थान पर लौटने की अपील की, लेकिन विपक्ष अपने रुख पर अड़ा रहा। नारेबाजी करते हुए कई विपक्षी सदस्य अध्यक्ष के पोडियम के निकट पहुंच गए, जिससे सदन का माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया।
लगातार हो रहे हंगामे और व्यवधान के कारण अंततः विधानसभा अध्यक्ष को सदन की कार्यवाही 4 बजे तक स्थगित करने की घोषणा करनी पड़ी।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी बीते दो दिनों से विपक्ष के हंगामे के चलते सदन की कार्यवाही बाधित रही है।राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि यदि सरकार और विपक्ष के बीच इन मुद्दों पर सहमति नहीं बनती, तो आने वाले दिनों में भी विधानसभा का गतिरोध जारी रह सकता है। |