deltin33 • 2025-12-13 18:07:46 • views 622
ठाणे में फर्जी डकैती का खुलासा (सांकेतिक फोटो)
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। महाराष्ट्र के ठाणे में एक निर्माण पर्यवेक्षक ने अपने नियोक्ता की कंपनी से 2.23 लाख रुपये गबन किए और इसे पुलिस में डकैती दिखाने की साजिश रची, लेकिन पुलिस जांच में पूरा खुलासा हुआ है। साथ ही शिकायतकर्ता को अपनी कंपनी के 2.23 लाख रुपये के गबन के लिए अपराध को अंजाम देने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
दरअसल, निर्माण पर्यवेक्षक सुशांत दशरथ मोहिते ने दावा किया था कि खाकी वर्दी पहने दो लोगों ने उन्हें रोका और उनके वाहन के दस्तावेजों की जांच की। इस दौरान जबरन 2.23 लाख रुपये ले लिए।
सुशांत दशरथ मोहिते ने 8 दिसंबर को काशीगांव पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई कि खाकी वर्दी पहने दो लोगों ने चेनागांव सिग्नल के पास उन्हें रोका, उनके वाहन के दस्तावेजों की जांच की और चुनाव जांच के बहाने उनके स्कूटर के ट्रंक से जबरन 2.23 लाख रुपये ले लिए।
इसके बाद पुलिस ने बीएनएस की धारा 115(2) (स्वेच्छा से चोट पहुंचाना) और 319 (पहचान बदलकर धोखाधड़ी करना) के तहत मामला दर्ज किया गया। पुलिस की अपराध जांच इकाई ने मामले की गहन जांच शुरू की। जांच के दौरान दशरथ मोहिते के आरोपों पर संदेह हुआ।
जांच दल को उस व्यक्ति द्वारा बताई गई घटनाओं में विसंगतियां मिलीं। इसके बाद पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों की जांच की। इस दौरान पता चला कि किसी तरह की कोई डकैती नहीं हुई है।
जांच में खुलासा हुआ कि मोहिते ने कंपनी से मिले 2.23 लाख रुपये गबन कर लिए थे। इसे छिपाने और पुलिस से बचने के लिए उसने अपने दोस्त भदरगे के साथ मिलकर फर्जी डकैती की कहानी गढ़ी।
वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि दोनों आरोपियों ने पूरी साजिश रची थी ताकि गबन का मामला डकैती में बदल जाए और कंपनी को लगे कि पैसा लूट लिया गया। फिलहाल दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया और पूरी रकम बरामद कर ली गई। |
|