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जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर । जिले के 709 निजी स्कूलों में नामांकित हजारों छात्र-छात्राओं का अपार आइडी अब तक नहीं बनाय जा सका है। ऐसे स्कूलों की प्रस्वीकृति रद करने की प्रक्रिया शुरू होगी।
शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों से स्पष्टीकरण मांगा है। साथ ही तीन दिनों के भीतर नामांकित 100 प्रतिशत छात्र-छात्राओं का अपार आइडी निर्माण कराना है। ऐसा नहीं होने पर विद्यालय को यू डायस कोड बंद कर प्रस्वीकृति रद करने की अनुशंसा कर दी जाएगी।
डीपीओ एसएसए सुजीत कुमार दास ने जिले के 16 प्रखंडों के निजी स्कूलों के प्राचार्य को पत्र जारी किया है।डीपीओ ने अब तक कार्य पूरा नहीं होने का साक्ष्य और कारण भी मांगा है। इस सूची में शहर के कई बड़े - बड़े प्राइवेट स्कूल शामिल हैं।
शिक्षा विभाग की ओर से लंबे समय से इसके लिए प्रक्रिया चल रही है। कई बार कैंप भई लगाए गए। बावजूद इसके कई विद्यालयों ने नामांकित छात्र-छात्राओं का अपार आइडी नहीं बनवाया है। बिहार शिक्षा परियोजना परिषद की ओर से लगातार जिले से इसका कारण पूछा जा रहा है।
1481 शिक्षकों को स्कूल आवंटित
मुजफ्फरपुर । ई शिक्षा कोष पोर्टल पर च्वाइस पोस्टिंग के लिए किए गए आवेदन के आधार पर जिले में 1481 शिक्षकों को स्कूल आवंटित कर दिया गया। दूसरे जिले में पदस्थापित शिक्षकों ने ट्रांसफर के लिए पोर्टल पर आवेदन किया था। इसके लिए शिक्षकों से चार प्रखंडों का विकल्प मांगा गया था। इसी आधार पर शिक्षकों को स्कूल आवंटित किया गया है। डीएम और जिला शिक्षा विभाग के स्तर से स्कूल आवंटन की प्रक्रिया पूरी की गई है। शिक्षकों को पहली से 12वीं तक के विद्यालयों में पदस्थापन किया गया है। शिक्षकों को पोर्टल पर आवंटित महाविद्यालय का नाम दिखने लगेगा। सभी शिक्षकों को दो से तीन दिनों में आवंटित स्कूलों में योगदान करना है। |
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