राज्य ब्यूरो, लखनऊ। फिरोजाबाद में 47 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे ग्लास म्यूजियम में ब्रज, वृंदावन, नीम करौरी, बटेश्वर और रपड़ी जैसे सांस्कृतिक-धार्मिक स्थलों का भी चित्रण किया जाएगा। पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने यह निर्देश दिए हैं। पर्यटन मंत्री ने कहा कि म्यूजियम निर्माण को तेजी से पूरा किया जाए। उन्होंने मैनपुरी में सांस्कृतिक केंद्र के निर्माण की भी गति बढ़ाने के निर्देश दिए।
मंगलवार को पर्यटन निदेशालय में आयोजित बैठक में मंत्री ने कहा कि ग्लास म्यूजियम का कार्य 70 प्रतिशत पूरा हो चुका है। इस तीन मंजिला म्यूजियम में हड़प्पा से लेकर यूरोपीय एवं अन्य देशों तक फिरोजाबाद के कांच की पहुंच के इतिहास को दर्शाया जाएगा।
शहर के इतिहास की गैलरी के साथ प्रोडक्ट गैलरी, डिजिटल गैलरी, सोविनियर गैलरी व अन्य अत्याधुनिक सुविधाएं होंगी। चूड़ियों सहित ग्लास की कटाई, जरी, डिजाइन और सामग्री निर्माण की पूरी प्रक्रिया को भी प्रस्तुत किया जाएगा। लाइव ग्लास ब्लोइंग भी आकर्षण का केंद्र होगी।
म्यूजियम में उपलब्ध सभी जानकारियां हिंदी और अंग्रेजी, दोनों भाषाओं में प्रदर्शित की जाएंगी। आर्य गुरुकुल म्यूजियम में आर्य समाज के इतिहास को लिखित एवं वीडियो वाल के जरिए प्रस्तुत किया जाएगा, वेदों का अध्ययन डिजिटल माध्यम से संभव होगा।
सामौर बाबा मंदिर काम्प्लेक्स में बाेटिंग, वाटर फाउंटेन, पार्किंग, साइनेज आदि के कार्य की प्रगति की जानकारी ली गई। बताया गया कि कल्चरल सेंटर मैनपुरी में राजा तेज सिंह से जुड़े इतिहास, मैनपुरी का नाम, ऋषियों की भूमि, 800 लोगों की क्षमता वाले आडिटोरियम, एंट्रेंस गैलरी, एग्जीबिशन हाल, सोविनियर स्टाल आदि की व्यवस्था होगी। बैठक में पर्यटन महानिदेशक डा. वेदपति मिश्रा, यूपीएसटीडीसी के एमडी आशीष कुमार आदि मौजूद रहे। |