ओडिशा कैबिनेट मीटिंग (फाइल फोटो)
जागरण संवाददाता, भुवनेश्वर। राज्य सरकार ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए सभी सरकारी कार्यों को ओड़िया भाषा में संपन्न कराने का आदेश जारी किया है। इसमें राज्य के सभी विभाग, विभागीय मुख्यालय, जिलाधिकारियों के कार्यालय, अधीनस्थ कार्यालय और सरकारी संचालित सभी संस्थान शामिल हैं।
सरकार के आदेश के अनुसार ब्लॉक स्तर से लेकर राज्य स्तर तक के सभी सरकारी कार्य, पत्राचार, नोटिस, विज्ञप्ति एवं पत्रों का आदान-प्रदान अब ओड़िया भाषा में किया जाएगा। इस नियम का उल्लंघन करने वाले अधिकारियों के खिलाफ चेतावनी जारी की जाएगी और आवश्यकता पड़ने पर कारण बताओ नोटिस भी दिया जाएगा।
राज्य सरकार ने सामान्य प्रशासन और शिकायत विभाग की विस्तृत निर्देशावलियों के पालन को अनिवार्य कर दिया है। इसके तहत सभी विभाग, निगम, नगर संस्थाएं और स्वयं संचालित संस्थान इस दिशा में कदम उठाएंगे।
स्रोतों के अनुसार, यह निर्णय ओड़िया भाषा, साहित्य और संस्कृति के संरक्षण एवं प्रचार-प्रसार को मजबूत करने के उद्देश्य से लिया गया है। सरकारी कामकाज में ओड़िया भाषा के व्यापक उपयोग से नागरिकों के लिए सरकारी सेवाएं अधिक पारदर्शी और सुलभ होंगी।
राज्य प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस आदेश का पालन करना सभी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए अनिवार्य है। आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि किसी भी स्तर पर इस दिशा में कोई लापरवाही पाई गई, तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। विशेषज्ञों का कहना है कि इस पहल से न केवल ओड़िया भाषा का सम्मान बढ़ेगा, बल्कि राज्य में सरकारी कार्यों की पारदर्शिता और प्रभावशीलता भी बढ़ेगी।
यह भी पढ़ें- बौद्ध पर्यटन सर्किट से जुड़ेगा ओडिशा, रत्नागिरि-ललितगिरि-उदयगिरि-धौली स्थलों पर आधुनिक शोध के योजना की तैयारी
यह भी पढ़ें- Odisha Stone Pelting: सुंदरगढ़ में मामूली विवाद से भड़की हिंसा, पथराव-हथियारबाजी के बाद धारा 163 लागू
यह भी पढ़ें- काजू के डिब्बों में छिपाकर हो रहा था गांजा तस्करी, दिल्ली क्राइम ब्रांच ने तीन तस्करों को दबोचा |
|