एसजीपीसी की बैठक में मौजूद प्रधान व सदस्य।
जागरण संवाददाता, अमृतसर। अमृतसर में शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) की महत्वपूर्ण बैठक शुक्रवार सुबह अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी की अगुवाई में हुई। यह बैठक पहले 12 जनवरी को निर्धारित थी, लेकिन व्यवस्थागत कारणों के चलते इसे 16 जनवरी को आयोजित किया गया। बैठक में गुरुद्वारों से संबंधित धारा 85 और 87 के अलावा धार्मिक प्रचार, शिक्षा और प्रबंधकीय सुधारों से जुड़े महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर विचार-विमर्श किया गया।
बैठक के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए अंतरिम समिति के सदस्य गुरप्रीत सिंह झब्बर ने बताया कि SGPC की यह बैठक एक रूटीन मीटिंग थी, जिसमें प्रबंधकों और व्यवस्थाओं से जुड़े नियमित सुधारों पर चर्चा होती है। कथित ‘काले बैग’ विवाद पर झब्बर ने कहा कि इसका कोई तथ्यात्मक आधार नहीं है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि अदालत में पेशी के दौरान सिर्फ किसी आरोपी का दावा कर देना कि उसके पास “बड़े सबूत” हैं, इसका मतलब यह नहीं कि पहले उस पर विश्वास कर लिया जाए। इसी तरह इस मामले को भी बिना आधार बढ़ाया जा रहा है।
यह भी पढ़ें- जालंधर के शाहकोट में घर के बाहर बदमाशों ने की ताबड़तोड़ फायरिंग, जांच में जुटी पुलिस टीम
सीएम का नतमस्तक होना विनम्रता सकारात्मक संकेत
बीते दिन मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की पेशी के दौरान उनके अकाल तख्त साहिब पर नतमस्तक होने के बाद दिखी विनम्रता सकारात्मक संकेत है। 328 पवित्र स्वरूपों के मामले पर झब्बर ने कहा कि बंगा में जिन 169 स्वरूपों का जिक्र किया जा रहा है, वह दरबार बाबा राजा साहिब स्थित स्थान है, जहां सिख संगत की गहरी आस्था है और लड़ीवार अखंड पाठ साहिब निरंतर चलते हैं।
वहां SGPC टीम द्वारा तलाशी की जा चुकी है और अब टीम सचखंड साहिब जाकर भी जांच करेगी। झब्बर ने साफ कहा कि सिख संगत किसी भी अनियमितता को बर्दाश्त नहीं करेगी और पूरे मुद्दे की पारदर्शी जांच होगी।
यह भी पढ़ें- चंडीगढ़ में यंग इनोवेटर्स के लिए अच्छी खबर, स्टार्टअप्स के लिए नए आइडिया के साथ 19 से करें आवेदन, सब्सिडी का उठाएं लाभ
सभी मामलों को निष्पक्ष रूप से निपटाया जाएगा
उन्होंने बताया कि जथेदार साहिब ने इस विषय पर शांत और संतुलित प्रतिक्रिया दी और अपने पीए को निर्देश दिया कि संबंधित बैग जांच के लिए सौंप दिया जाए, ताकि तथ्य सामने आ सकें। SGPC ने जोर देकर कहा कि सभी मामले संगत की भावनाओं और मर्यादा को ध्यान में रखते हुए निष्पक्ष रूप से निपटाए जाएंगे।
यह भी पढ़ें- सीएम आवास घेरने पहुंचे बीजेपी नेता, जाखड़ सहित कई नेता हिरासत में, गैंगस्टरवाद व विडियो विवाद की जांच की रखी मांग |