गाजीपुर में बच्ची से दुष्कर्म के दोषी को 20 साल की कड़ी सजा का कोर्ट ने सुनाया फैसला।
जागरण संवाददाता, गाजीपुर। विशेष न्यायाधीश पाक्सो प्रथम रामअवतार प्रसाद की अदालत ने आठ वर्षीय बालिका के साथ दुष्कर्म के मामले में दोषी को 20 वर्ष के कठोर कारावास और 50 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। न्यायालय ने आदेश दिया कि अर्थदंड की राशि में से 50 प्रतिशत रकम पीड़िता को दी जाए। सजा सुनाए जाने के बाद दोषी को जेल भेज दिया गया।
अभियोजन पक्ष के अनुसार थाना भांवरकोल क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला ने तीन अगस्त 2023 को थाने में तहरीर दी थी। महिला ने आरोप लगाया कि दिन में करीब साढ़े दस बजे उसकी बेटी घर के पास स्थित मड़ई में खेल रही थी। इसी दौरान गांव का ही जीवित यादव ने बच्ची के साथ छेड़छाड़ व गलत काम करने लगा। पीड़िता की मां ने मौके पर आरोपित को पकड़ लिया, लेकिन वह धक्का देकर फरार हो गया।
तहरीर के आधार पर पुलिस ने उसी दिन मुकदमा दर्ज कर पीड़िता का चिकित्सीय परीक्षण कराया और न्यायालय में बयान दर्ज कराया। इसके बाद आरोपित को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। तीन माह में विवेचना पूरी होने पर पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। विचारण के दौरान अभियोजन की ओर से विशेष लोक अभियोजक प्रभुनारायण सिंह ने कुल सात गवाहों को पेश किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायालय ने आरोपित को दोषी मानते हुए सख्त सजा सुनाई। |