Farmer Registration Work Affected: कार्य बिहष्कार का प्रभाव फार्मर रजिस्ट्रेशन पर भी देखने को मिल रहा है। फोटो: जागरण
संवाद सहयोगी, नरकटियागंज(पश्चिम चंपारण)। Bihar Land Records Disruption: बिहार राजस्व कर्मचारी संघ के आह्वान पर अंचल के नए राजस्व कर्मचारी बुधवार से ही अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं।
हड़ताल का सीधा असर दाखिल-खारिज, परिमार्जन, फार्मर रजिस्ट्री समेत भूमि और राजस्व से जुड़े कई महत्वपूर्ण कार्यों पर पड़ने लगा है। हालांकि इस आंदोलन में पुराने राजस्व कर्मचारी शामिल नहीं हैं।
संघ से जुड़े राजस्व कर्मियों ने बताया कि 11 सूत्री मांगों के समर्थन में 11 फरवरी से यह हड़ताल शुरू की गई है। उनकी प्रमुख मांगों में गृह जिला में पदस्थापना, वेतन संशोधन, सेवा संपुष्टि, अतिरिक्त प्रभार की समाप्ति तथा सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करना शामिल है।
कर्मचारियों का आरोप है कि राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अपर मुख्य सचिव द्वारा अब तक उनकी मांगों पर कोई सकारात्मक पहल नहीं की गई है।
कर्मचारियों ने यह भी कहा कि बिना स्पष्टीकरण निलंबन, वेतन रोकने जैसी कार्रवाई और राजस्व महाअभियान व फार्मर रजिस्ट्री के नाम पर लगातार बिना अवकाश कार्य लेना असंतोष का कारण बना है। इसी के विरोध में वे अनिश्चितकालीन हड़ताल पर गए हैं।
इधर अंचलाधिकारी सुधांशु शेखर ने बताया कि हड़ताल के कारण अंचल के कई कार्य प्रभावित होंगे। आरटीपीएस के तहत निर्गत होने वाले प्रमाण पत्रों की जांच का दायित्व फिलहाल एकमात्र पुराने राजस्व कर्मचारी अशोक पटेल को सौंपा गया है।
अंचल क्षेत्र में नगर परिषद समेत कुल 27 पंचायतों का दायित्व 13 राजस्व कर्मचारियों के पास है। इनमें 12 नए कर्मचारी हड़ताल पर हैं, जिससे प्रशासनिक कार्यों की गति प्रभावित हो रही है। हड़ताल कब तक जारी रहेगी, इसे लेकर फिलहाल स्थिति स्पष्ट नहीं है। |