पुलिस की 24 घंटे कार्रवाई से पीड़ित चिकित्सक ने इंटरनेट मीडिया पर जताई खुशी। जागरण
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। उत्तर-पूर्वी राज्य नगालैंड की रहने वाली डॉक्टर पर नस्लीय टिप्पणी और उन्हें अश्लीलता पूर्वक छूने (बैड टच) वाले तीनों आरोपितों पर पुलिस ने एससी-एसटी की धारा बढ़ा दी है। इसके साथ ही पुलिस आरोपितों से आगे की पूछताछ के लिए उन्हें रिमांड पर ले सकती है।
मंगलवार को तीसरे आरोपित आदित्य राव की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने तीनों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया था। यह घटना रविवार की शाम की है। विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले आरोपित आदित्य और अमृत अपने दोस्त सूरज की जन्मतिथि की पार्टी करने मोहद्दीपुर के ओरियन माल पहुंचे थे।
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) गोरखपुर के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग में परास्नातक तृतीय वर्ष की छात्रा (रेजिटेंट) भी एमबीबीएस छात्र के साथ बाइक से ओरियन माल आई थीं। जहां तीनों ने डॉक्टर के साथ अभद्रता की।
शिकायत करने के बाद एम्स पुलिस ने जांच शुरू की तो पता चला कि आरोपितों ने माल के अंदर डॉक्टर पर नस्लीय टिप्पणी की थी। डॉक्टर ने उनका प्रतिरोध किया तो वापस लौटते समय वह पीछा करने लगे। एम्स के गेट नंबर दो के पास घेरकर रोक लिया। अश्लीलता पूर्वक उन्हें छूने के साथ जान से मारने की धमकी दी। डॉक्टर की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया।
यह भी पढ़ें- गोरखपुर AIIMS की डॉक्टर से छेड़छाड़ मामला: तरकुलहा घूमने के बाद आरोपी पहुंचे थे मॉल, डॉक्टर को देख शुरू कर दी अभद्रता
सीओ कैंट योगेंद्र सिंह ने बताया कि देवरिया के तरकुलवा के रामपुर खास गांव का रहने वाला आदित्य राव गोरखपुर विश्वविद्यालय के हास्टल में रहता है। रामनाथ उत्तरी का अमृत विश्वकर्मा उसके साथ पढ़ता है। सूरज देवरिया के उमानगर में रहता है।
सूरज की जन्मतिथि मनाने के दौरान तीनों ने डॉक्टर के साथ अश्लीलता की, पीछा किया और धमकी दी। पूर्व में दर्ज केस में एससी-एसटी की धारा बढ़ा दी गई है। जांच के दौरान आरोपितों को जरूरत पढ़ने पर रिमांड पर लिया जाएगा। जल्द से जल्द आरोपितों के विरुद्ध कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी चल रही है।  |
|