जागरण संवाददाता, आगरा। ताजमहल में रविवार को शार्ट सर्किट से आसमान में धुएं का गुबार छा गया। दक्षिणी गेट की दायीं तरफ बनी कोठरियों के ऊपर से निकली एलटी लाइन के केबिल के ज्वाइंटर से अचानक चिंगारी उठी और तेजी से धुआं फैल गया। अनहोनी की आशंका से पर्यटक भी चिंतित हो उठे। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआइ) के कर्मचारियों ने बिजली आपूर्ति कंपनी टोरेंट को सूचना दी, इसके बाद शटडाउन किया गया। दो घंटे में क्षतिग्रस्त लाइन की मरम्मत की गई।
ताजमहल में दक्षिणी गेट से पर्यटकों का प्रवेश सुरक्षा कारणों से वर्ष 2018 से बंद है। इस गेट से पर्यटक बाहर निकलते हैं। दक्षिणी गेट के पास रविवार सुबह करीब 9:30 बजे टोरेंट की एलटी लाइन के ज्वाइंटर से अचानक चिंगारी उठने लगीं। प्लास्टिक के बने ज्वाइंटर में आग लगने से धुएं का गुबार चारों तरफ छा गया।
स्मारक के अंदर के साथ ही दक्षिणी गेट के बाहर से भी धुएं के गुबार नजर आए। करीब पांच मिनट तक चिंगारी व धुएं के गुबार उठते रहे। एएसआइ के कर्मचारियों द्वारा टोरेंट को सूचित किए जाने पर शटडाउन किया गया, जिसके बाद चिंगारी निकलना बंद हुई। इसके बाद टोरेंट की टीम ताजमहल पहुंची। उसने शार्ट सर्किट से जले ज्वाइंटर को बदला।
इस स्थान पर पर्यटकों को जाने की अनुमति नहीं है। ताजमहल के वरिष्ठ संरक्षण सहायक प्रिंस वाजपेयी ने बताया कि शार्ट सर्किट की वजह से ताजमहल में कोई व्यवस्था प्रभावित नहीं हुई। शार्ट सर्किट होने पर बिजली आपूर्ति बाधित होने पर तुरंत यूपीएस चालू हो गए थे। टोरेंट की टीम ने करीब दो घंटे में मरम्मत कर ली थी। स्मारक को किसी भी तरह का कोई नुकसान नहीं हुआ है। |
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