search

रांची में बवाल: डीआईजी मैदान में बुलडोजर के सामने लेटीं सरना समिति अध्यक्ष निशा भगत को पुलिस ने मारा थप्पड़

Chikheang 2025-12-18 03:37:48 views 989
  

रांची में हिरासत के बाद निशा भगत पर एफआइआर दर्ज।



जागरण संवाददाता, रांची। हाई कोर्ट के आदेश के बाद रिम्स परिसर और डीआइजी मैदान क्षेत्र में चल रही अतिक्रमण हटाओ कार्रवाई बुधवार को अचानक टकराव और तनाव में बदल गई। डीआइजी मैदान में प्रशासन की कार्रवाई के दौरान भारी हंगामा हुआ, जब केंद्रीय सरना समिति की महिला अध्यक्ष निशा भगत बुलडोजर के सामने लेट गईं और अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई रोकने की मांग करने लगीं। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

हंगामे के बीच पुलिस ने निशा भगत को हिरासत में ले लिया। बाद में शाम में पीआर बांड भरवाकर उन्हें छोड़ दिया गया। हालांकि, सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप में उनके खिलाफ एफआइआर दर्ज की गई है। इस बीच निशा भगत को एक महिला पुलिसकर्मी ने थप्पड़ जड़ दिया, जिसके बाद मामला गर्म हो गया।

निशा भगत ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि आदिवासियों के घरों को चुन-चुनकर तोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि जब तक प्रभावित परिवारों के लिए पुनर्वास की ठोस व्यवस्था नहीं की जाती, तब तक अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई पूरी तरह अन्यायपूर्ण है। उनके समर्थन में बड़ी संख्या में महिलाएं भी मौके पर पहुंचीं और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।

स्थिति बिगड़ती देख पुलिस ने निशा भगत को हिरासत में ले लिया। शाम में पीआर बॉन्ड भरवाने के बाद उन्हें छोड़ दिया गया, लेकिन सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप में उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि किसी भी सूरत में न्यायालय के आदेश में बाधा बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

  
सरकारी कर्मचारियों के भवन भी निशाने पर

बुधवार को डीआइजी मैदान क्षेत्र में बने कई बड़े भवनों पर भी बुलडोजर चलाया गया। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, इनमें से अधिकांश भवन सरकारी कर्मचारियों द्वारा निर्मित थे। कुछ मकान रिम्स के डाक्टरों और नर्सों के बताए जा रहे हैं।

इससे पहले भी इस क्षेत्र में पांच पक्के मकानों पर कार्रवाई की जा चुकी है। हालांकि किसी भी मकान को पूरी तरह ध्वस्त नहीं किया जा सका, लेकिन बाउंड्री, बरामदा और कई हिस्सों को तोड़ दिया गया। कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में पुलिस बल और दंडाधिकारी तैनात रहे। पुलिस लगातार लोगों से स्थान खाली करने की अपील करती रही, लेकिन कई लोग विरोध में अपने घरों के सामने लेट गए।

उन्हें बलपूर्वक हटाया गया और आगे कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई। पूरे अभियान के दौरान दंडाधिकारी मौके पर डटे रहे और स्थिति पर लगातार नजर बनाए रखी।
आनंदम अपार्टमेंट पर भी जारी है बुलडोजर

दूसरी ओर रिम्स साउथ ब्लाक स्थित आनंदम अपार्टमेंट को तोड़ने की कार्रवाई भी जारी रही। अपार्टमेंट के कई हिस्से ध्वस्त किए जा चुके हैं, हालांकि पूरी इमारत को गिराने में अभी समय लग सकता है। प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई भी हाई कोर्ट के स्पष्ट आदेश के तहत की जा रही है और इसमें किसी तरह की ढील नहीं दी जाएगी।
प्रशासन का सख्त संदेश

प्रशासन ने दो टूक कहा है कि अतिक्रमण हटाने की यह कार्रवाई न्यायालय के निर्देश पर हो रही है। यदि किसी व्यक्ति या संगठन को आपत्ति है, तो वह सड़क पर विरोध करने के बजाय न्यायालय का दरवाजा खटखटाए।

कानून अपने हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। बुधवार की कार्रवाई ने साफ कर दिया कि रिम्स और डीआइजी मैदान क्षेत्र में अतिक्रमण हटाओ अभियान अब निर्णायक मोड़ पर पहुंच चुका है। विरोध, भावनात्मक अपील और दबाव के बावजूद प्रशासन पीछे हटने के मूड में नहीं दिख रहा, जबकि दूसरी ओर विस्थापन और पुनर्वास का सवाल लगातार और तीखा होता जा रहा है।
like (0)
ChikheangForum Veteran

Post a reply

loginto write comments
Chikheang

He hasn't introduced himself yet.

510K

Threads

0

Posts

1510K

Credits

Forum Veteran

Credits
157953