प्रवीन कौशिक, फरीदाबाद। स्मार्ट सिटी मिशन के तहत फरीदाबाद में कराए गए विकास कार्य के नाम पर खूब गोलमाल हुआ है। अधिकतर काम पर समय-समय पर सवाल उठते रहे लेकिन, कोई कार्रवाई नहीं हुई।
शहर की पहली स्मार्ट रोड सेक्टर-19-28 की डिवाइडिंग सड़क को बनाया गया था। 42 करोड़ का भारी भरकम बजट मात्र 1.67 किलोमीटर सड़क पर खर्च कर दिया गया। इस सड़क का निर्माण पूरा हुए दो साल हुए हैं और इसकी हालत खराब हो चुकी है। अब इसी सड़क को कर्तव्य पथ जैसा बनाने की कवायद हो रही है। इसकी सिफारिश खुद केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर कर रहे हैं। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
सवाल यह है कि जब अधिकारी स्मार्ट रोड बनाने के नाम पर ही खानापूरी कर गए तो वहीं अधिकारी कर्त्तव्य पथ की तरह यहां कैसे सुंदरीकरण कर सकेंगे। पूरी आशंका है कि इसके नाम पर भी बजट बर्बाद किया जाएगा। याद रहे बड़खल स्मार्ट रोड कई सेक्टरों की कनेक्टिविटी के लिए महत्वपूर्ण है।
केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर के निवास व कार्यालय भी इसी सड़क से जुड़े हुए हैं। इसके बावजूद अधिकारियों ने इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया।
2019 में शुरू हुआ था स्मार्ट रोड का काम
फरीदाबाद स्मार्ट सिटी लिमिटेड ने वर्ष 2017 में राष्ट्रीय राजमार्ग के बड़खल चौक से बाईपास तक की करीब 1.67 किलोमीटर लंबी स्मार्ट सड़क बनाने की योजना तैयार की। दो साल बाद यानी 2019 में निर्माण कार्य शुरू किया गया। विभागों में आपसी तालमेल के अभाव में अड़चनों को दूर नहीं किया जा सका। इस वजह से इसका निर्माण 2023 में पूरा हो सका।
स्मार्ट रोड के फुटपाथ के नीचे नाला। यहां कभी भी हादसा हो सकता है। अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। संजय शर्मा
यह काम हुआ स्मार्ट रोड पर
स्मार्ट रोड को नौ मीटर चौड़ा करके चार लेन बनाया गया है। दोनों तरफ फुटपाथ हैं। सड़क में बीच डिवाइडर को डिजाइनदार तैयार किया गया है। सड़क के दोनों तरफ वाहनों को साइड में पार्क करने के लिए भी स्थान दिया गया है। साइकिल ट्रैक, बिजली की लाइन अंडरग्राइंड, ग्रिल, रोड मार्किंग, लाइट्स आदि का काम किया गया है।
अब क्या हालत है
स्मार्ट रोड बनने के साथ ही बदहाल होना शुरू हो गई थी। सीमेंटेड़ सड़क पर जगह-जगह मोटी दरारें आ गई हैं। कई जगह सड़क टूट गई है। फुटपाथ की हालत खराब हो चुकी है। फिलहाल इसके नीचे नालाे को ढूंढा जा रहा है तो जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं। ग्रिल टूट गई है। स्ट्रीट लाइटें गायब हो चुकी हैं। तिरंगा लाइटें कुछ दिन जलने के बाद बंद पड़ी हैं। पूरे फुटपाथ पर स्थानीय दुकानदारों ने कब्जा कर लिया है। ट्रांसफार्मर के चारों ओर कब्जा है। जगह-जगह मिट्टी व कचरे के ढेर पड़े रहते हैं। ट्रैफिक सिग्नल अक्सर खराब रहते हैं।
स्मार्ट रोड की टूटी ग्रिल। जागरण
अब क्या है योजना
अब इस सड़क पर तिरंगा लाइट को पूर्ण रूप से क्रियाशील रखने, चाय चौपाल, रेलिंग एवं पौधारोपण कार्य करने तथा लिंक रोड के उचित रखरखाव के निर्देश दिए गए हैं। सेक्टर-28 की स्मार्ट सिटी रोड के आसपास तीन चाय चौपाल स्थापित करने के लिए कहा गया है। साथ ही कर्त्तव्य पथ पर जो काम किए गए हैं, वह यहां करने की योजना है।
यह शहर की पहली स्मार्ट रोड है, इसलिए इसका सुंदरीकरण नई दिल्ली के कर्तव्य पथ की तर्ज पर किया जाएगा। इससे पहले संबंधित अधिकारी दिल्ली में कर्त्तव्य पथ का निरीक्षण करेंगे और फिर उसी अनुरूप कार्य योजना तैयार करेंगे। बाकी जो कमियां सड़क में हैं, उन्हें दूर करने के लिए अधिकारियों को निर्देश दे दिए गए हैं। - कृष्णपाल गुर्जर, केंद्रीय राज्य मंत्री
अभी स्मार्ट रोड के फुटपाथ के नीचे नाले को ढूंढा जा रहा है। इसे साफ किया जाएगा। इसके बाद फिर से फुटपाथ बनाएंगे। बाद में कर्त्तव्य पथ की तरह सुंदरीकरण का काम किया जाएगा। - विशाल बंसल, मुख्य अभियंता, फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण |