संवाद सूत्र, दरियाबाद (बाराबंकी)। अयोध्या एक्सप्रेस ट्रेन से दिल्ली जाने के लिए प्लेटफॉर्म पर बैठी तीन युवतियों में से दो के टिकट काउंटर पर जाते ही तीसरी युवती ने लखनऊ जा रही वंदेभारत ट्रेन के सामने छलांग लगा दी। ट्रेन से कटकर उसकी मौत हो गई। घटना से पहले मृतका का जीजा उससे मिलकर दूसरे प्लेटफॉर्म पर गया था। पुलिस ने तीनों से पूछताछ की। एक घंटे बाद मृतका के स्वजन से संपर्क हुआ।
रेलवे पुलिस ने ट्रैक से शव को हटाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। मृतका की शिनाख्त बदोसराय के मरौचा की रंजीता के रूप में हुई। मसौली की प्रिंसी और मवई के बाबूपुर की साजिया बानो अयोध्या एक्सप्रेस से दिल्ली जाने के लिए स्टेशन पर आई थी। मृतका को भी काम पर लगवाने के लिए प्रिंसी साथ लेकर आई थी। दरियाबाद स्टेशन से अयोध्या एक्सप्रेस से दिल्ली जाना था।
पुलिस को प्रिंसी व साजिया ने बताया कि नोहरेपुर का पिंटू भी मृतका के साथ प्लेटफॉर्म दो पर बैठा था। दोनों टिकट लेने प्लेटफॉर्म नंबर एक पर चली गई और पिंटू भी उसे छोड़कर प्लेटफॉर्म एक पर चला गया। इतने में वंदेभारत ट्रेन को आते देख रंजीता ने छलांग लगा दी।
रन थ्रू जा रही ट्रेन से कटकर उसकी मौत हो गई। स्टेशन अधीक्षक एसके राय ने बताया कि सूचना आरपीएफ, जीआरपी, स्थानीय पुलिस को दी गई है। प्रभारी निरीक्षक मनोज सोनकर ने बताया कि शव को जीआरपी पोस्टमार्टम के लिए ले गई है।
बयान बदलती रही युवतियां
घटना के एक घंटे बाद तक दोनों युवतियां पुलिस से बयान बदलती रहीं। एसआई संजय गुप्ता से मवई की साजिया बानो ने बताया कि वह प्रिंसी के साथ दिल्ली जा रही थी। दोनों वहीं बाइक पार्ट्स बनाने वाले कंपनी में काम करते हैं, जब दूसरे एसआई शिवाकांत मिश्र ने प्रिंसी से पूछा तो बताया कि बेंगलुरु में सिलाई का काम करते हैं। दोनों के बयान भिन्न होने से पुलिस एक घंटे तक परेशान रही। |
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