कहते हैं उत्तर प्रदेश की राजनीति में होने वाले बदलाव का असर पूरे देश की राजनीति पर दिखता है। देश के सबसे बड़े सूबों में से एक यूपी की राजनीति में बदलाव के अटकलें तेज हैं। राजनीतिक गलियारों में ऐसा कहा जा रहा है कि, उत्तर प्रदेश यानी योगी कैबिनेट में जल्द ही बदलाव देखने को मिल सकता है। वहीं इन अटकलों के बीच उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से राजधानी दिल्ली में मुलाकात की है।
बता दें कि अनबन की चर्चाओं के बीच योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को नई दिल्ली में नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने उत्तर प्रदेश के विकास से जुड़े मुद्दों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से चर्चा की। योगी आदित्यनाथ ने एक्स पर लिखा कि प्रधानमंत्री का विज़न “नए उत्तर प्रदेश” को आगे बढ़ाने में लगातार ताकत और रफ्तार दे रहा है। उन्होंने समय देने और अहम सुझावों के लिए मोदी का धन्यवाद किया और कहा कि यह बातचीत राज्य के बेहतर शासन और विकास के लिए नई प्रेरणा देने वाली रही। वहीं प्रधानमंत्री कार्यालय ने भी एक्स पर इस मुलाकात की दो तस्वीरें साझा कीं और बताया कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री से मुलाकात की है। बता दें कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ ही यूपी के दोनों डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक भी दिल्ली दौरे पर हैं।
बता दें कि उत्तर प्रदेश के 2027 के विधानसभा चुनाव और इस साल होने वाले पंचायत चुनाव के पहले सूबे की राजनीति के हर समीकरण को साधने की रणनीति बनाई जा रही है। जिसकी वजह से मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चा जोर पकड़ रही है। गौरतलब है कि यूपी मंत्रिमंडल में अभी 54 मंत्री हैं और अधिकतम 60 मंत्री हो सकते हैं। इस लिहाज से 6 नए चेहरों को मंत्रिमंडल में शामिल किया जा सकता है। कहा जा रहा है कि वेस्ट यूपी से पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी को कैबिनेट में शामिल किया जा सकता है।