search

बिहार में 96.76 करोड़ की संपत्ति होगी जब्‍त; मिशन मोड में निगरानी व‍िभाग, देखें ड‍िटेल

cy520520 6 day(s) ago views 602
  

संपत्‍त‍ि जब्‍ती को प्राथम‍िकता देगा ब्‍यूरो। सांकेत‍िक तस्‍वीर  



राज्य ब्यूरो, पटना। भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान को निर्णायक मोड़ देने के लिए निगरानी अन्वेषण ब्यूरो संपत्ति जब्ती की कार्रवाई को इस वर्ष प्राथमिकता देगी।

आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने वाले भ्रष्ट अधिकारियों और कर्मियों के विरुद्ध दाखिल 119 संपत्ति जब्ती मामलों में इस वर्ष तेजी से कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ाई जाएगी।

निगरानी का लक्ष्य लंबित मामलों को निर्णायक अंजाम तक पहुंचाकर करीब 96.76 करोड़ की अवैध संपत्ति को राज्यसात कराना है।  
टीमें बनाकर केस माॅनीटरिंग की व्यवस्था

निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की आधिकारिक जानकारी के अनुसार ब्यूरो ने संपत्ति जब्ती के कुल 119 प्रस्ताव दिए हैं। परंतु अदालतों में मामले जाने की वजह से संपत्ति को राज्यसात करने में विलंब हो रहा है।

सूत्रों की माने तो निगरानी ब्यूरो ने साक्ष्यों की अनुपलब्धता, दस्तावेजी औपचारिकताओं में देरी और गवाहों की पेशी जैसे कारणों को प्राथमिकता में दूर करने की योजना बनाई है। इसके लिए विशेष टीमों का गठन कर केस माॅनीटरिंग की व्यवस्था लागू की जा रही है।
विभिन्न न्यायालयों में लंबित हैं मामले

निगरानी अन्वेषण ब्यूरो से मिली जानकारी के अनुसार, संपत्ति राजसात के जो 119 मामले हैं उनमें वर्तमान में 66 मामले प्राधिकृत पदाधिकारी के न्यायालय में लंबित हैं।

इसके अलावा पटना हाई कोर्ट में 32, सुप्रीम कोर्ट में दो मामले विचाराधीन हैं। जबकि दो मामलों में आरोपी संपत्ति जब्ती के आदेश के खिलाफ अपील में चले गए हैं, जिस पर सुनवाई जारी है।

इन सभी स्तरों पर लंबित मामलों को गति देने के लिए निगरानी ने आक्रामक कानूनी रणनीति तैयार की है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि कोर्ट में साक्ष्य प्रस्तुत करने, गवाहों की उपस्थिति सुनिश्चित करने और आवश्यक कानूनी औपचारिकताओं को टालने में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

स्पष्ट है कि वर्ष 2026 में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो का फोकस सिर्फ जांच तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि भ्रष्टाचारियों की अवैध संपत्ति को जब्त कर उसे राज्यसात कराने तक कार्रवाई को तार्किक अंजाम तक पहुंचाने पर है।  
मामले और जब्‍त होनेवाली संपत्ति

  • राज्यसात आवेदन 119 - 96.76 करोड़
  • प्राधिकृत अफसर के पास लंबित 66- 56.69 करोड़
  • हाईकोर्ट में लंबित मामले 32 - 20.80 करोड़
  • सुप्रीम कोर्ट में दायर एलपीए 02 - 32.98 लाख
  • विपक्षीगण द्वारा दायर अपील 02 - 5.24 करोड़
like (0)
cy520520Forum Veteran

Post a reply

loginto write comments
cy520520

He hasn't introduced himself yet.

410K

Threads

0

Posts

1410K

Credits

Forum Veteran

Credits
146319

Get jili slot free 100 online Gambling and more profitable chanced casino at www.deltin51.com