वंदे भारत में आई तकनीकी खामी की जांच करते इंजीनियर व मौजूद पुलिस। सौ. पुलिस
जागरण संवाददाता, सोनीपत। अमृतसर से पुरानी दिल्ली जाने वाली गाड़ी संख्या 22488 वंदे भारत एक्सप्रेस शनिवार दोपहर तकनीकी खामी के कारण सोनीपत स्टेशन के पास करीब 52 मिनट तक खड़ी रही। ट्रेन के पहिए में लोहे का टुकड़ा फंस जाने से तेज आवाज और कंपन महसूस हुआ, जिससे यात्रियों में हड़कंप मच गया। हालांकि लोको पायलट की सतर्कता और त्वरित निर्णय से संभावित बड़ा हादसा टल गया।
सांदल कलां स्टेशन के पास वंदे भारत के इंजन के नीचे पहिए में लोहे का टुकड़ा चिपक गया था। जैसे ही ट्रेन आगे बढ़ी, असामान्य आवाज आने लगी। स्थिति को भांपते हुए लोको पायलट ने ट्रेन की रफ्तार कम की और दोपहर 2:08 बजे सुरक्षित रूप से सोनीपत स्टेशन निकलते ही आउटर पर ट्रेन को रोक दिया। लोको पायलट ने मामले की सूचना रेलवे के उच्च अधिकारियों को दी। जिसके बाद सोनीपत की इंजीनियरिंग टीम मौके पर पहुंची।
साथ ही, जीआरपी थाना प्रभारी धर्मपाल और आरपीएफ थाना प्रभारी संगम यादव पुलिस बल के साथ स्टेशन पर पहुंचे। इंजीनियर टीम ने पहिए में फंसे लोहे के टुकड़े को निकालकर तकनीकी जांच की। जांच में पुष्टि हुई कि इसी कारण ट्रेन में कंपन और तेज आवाज हो रही थी। पूरी तरह संतुष्ट होने के बाद ट्रेन को दोपहर करीब 3 बजे दिल्ली की ओर रवाना किया।
वंदे भारत के मुख्य लाइन पर खड़े रहने के कारण कुछ समय के लिए अंबाला-दिल्ली रेलमार्ग पर परिचालन प्रभावित रहा। इस दौरान दो अन्य वंदे भारत एक्सप्रेस और चंडीगढ़ शताब्दी एक्सप्रेस को लूप लाइन से गुजारा गया। वहीं आम्रपाली, पठानकोट और पश्चिम एक्सप्रेस पहले से ही विलंब से चल रही थीं, जिससे स्टेशन पर दबाव बना रहा।
“अमृतसर से पुरानी दिल्ली जा रही वंदे भारत ट्रेन जब सांदल कलां स्टेशन से गुजरी, तब इंजन के पहिये में लोहे का टुकड़ा आ गया, जिससे ट्रेन में तेज आवाज आने लगी। लोको पायलट ने ट्रेन को सोनीपत रेलवे स्टेशन के पास रोका गया। इंजीनियर टीम ने तकनीकी खामी को दूर कर दिल्ली की ओर रवाना किया गया।“
-धर्मपाल, थाना प्रभारी, राजकीय रेलवे पुलिस, सोनीपत
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