मायका से नाम काट ससुराल के राशनकार्ड में जुड़ जाएगा। प्रतीकात्मक
जागरण संवाददाता, फतेहपुर । शादी के बाद अब नई नवेली दुल्हन को राशनकार्ड में नाम जुड़वाने के लिए भागदौड़ नहीं करनी पड़ेगी...। इसके पहले मायका से ससुराल आई दुल्हन को नाम जुडवाने में महीनों लग जाते थे और बड़ी मशक्कत बाद नाम जुड़ पाता था। शासन ने नई पहल शुरू कर इस प्रक्रिया को और सरल बनाकर आनलाइन फार्म तैयार किया है जिसमें दुल्हन को किसी भी जनसेवा केंद्र जाकर फार्म भरकर जमा करना होगा। फार्म भरते ही पूरा विवरण पूर्ति निरीक्षक की लागिन में पहुंच जाएगा और ससुराल के राशनकार्ड में दुल्हन का नाम जुड़ जाएगा।
जिले में 4 लाख 90 हजार पात्र गृहस्थी राशनकार्ड धारक हैं जिसमें 36 हजार 789 अंत्योदय धारक भी शामिल हैं। इन राशनकार्ड धारकों को प्रतिमाह निश्शुल्क गेहूं व चावल मिल रहा है। विभागीय कर्मी बताते हैं कि जिले में 50 से अधिक ऐसी महिलाएं हैं जो शादी के बाद अन्य जिलों से आई हैं, करीब 20 महिलाएं दूसरे जिले में राशनकार्ड ट्रांसफर के लिए आनलाइन आवेदन कर चुकी हैं। आवेदन फार्म में दुल्हन का आधारकार्ड नंबर, राशनकार्ड नंबर, मोबाइल नंबर व पति का पता भी भरना होगा। इसके बाद ससुराल के राशनकार्ड में नाम जुड़ जाएगा और मायका के कार्ड से नाम कट जाएगा।
क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी उमेश शुक्ला व वरिष्ठ लिपिक अशफाक खान ने बताया कि जिले के सभी उचित दर विक्रेताओं को निर्देश दिए गए हैं कि ऐसे राशनकार्ड धारकों को चिह्नित कर उन्हें जागरुक करें कि वह कार्ड में नाम जुड़वाने को परेशान न हों, बल्कि किसी भी जनसुविधा केंद्र जाकर आनलाइन आवेदन कर दें ताकि उनके नाम ससुराल के राशनकार्ड में जुड़ सके।
डीएसओ बोले, 384 नाम जोड़े गए
नवविवाहिताओं को ससुराल के राशनकार्ड में नाम जुड़वाने को काफी परेशान होना पड़ता है लेकिन अब ऐसा नहीं है। अब किसी भी जनसुविधा केंद्र में जाकर आनलाइन फार्म भरकर जमा करने की सुविधा है जिससे मायका के राशनकार्ड से नाम कटकर तुरंत ससुराल के कार्ड में नाम जुड़ जाएगा । अभी तक 384 विवाहिताओं ने पोर्टल में आनलाइन आवेदन कर नाम जुड़वा चुकी हैं।
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