पत्तागोभी, पालक, टमाटर, मिर्च व बैंगन सब्जियां हो रही प्रभावित. Concept Photo
जागरण संवाददाता, देहरादून । पाले-कोहरे का कहर सब्जियों के दामों में उछाल ला सकता है। वहीं, सब्जियों के भाव बढ़ने से उपभोक्ताओं की जेब ढीली होगी। इससे शहरी व पूरी तरह से बाजार की सब्जियों पर निर्भर रहने वाले उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ सकती है। उधर, मंड़ी में पत्तागोभी, पालक, टमाटर, मिर्च व बैंगन की सब्जियों की आवक में हल्की कमी आ गई हैं।
जिले में पाले-कोहरे व बारिश की कमी से सब्जियों की फसल को नुकसान पहुंच रहा है। इससे बाजार में आपूर्ति घट रही है। आलम ,यही रहा तो आगामी दिनों में सब्जियों के दामों में वृद्धि हो सकती है। हालांकि, अभी बाजारों में सब्जियों के दामों में स्थिरिता है। मंड़ी सूत्रों ने बताया कि पाले-कोहरे और ठंड की मार से फूलगोभी, पत्तागोभी, पालक, टमाटर, मिर्च व बैंगन सब्जियां प्रभावित हो रही हैं। दरअसल, पाले का असर पत्तेदार और बेल वाली सब्जियाें के लिए घातक साबित होता है। इससे पैदावार घट जाती है। वहीं, स्थनीय स्तर पर पैदावार की कमी होने से बाहर से आने वाली सब्जियों पर निर्भरता बढ़ जाती है। ट्रांसपोर्ट और अन्य लागतों के जुड़ने से कीमतों में वृद्धि हो जाती है।इसका सीधा असर आम आदमी की जेब पर पड़ता है।
मैदानी क्षेत्रों से आवक में कमी
दून में यूपी के मैदानी क्षेत्रों से बड़ी संख्या में सब्जियों की आपूर्ति होती है। बिहारीगढ़, छुटमलपुर, सहारनपुर , रुडकी व अन्य आसपास के क्षेत्रों से हर रोज मंड़ी में बड़ी मात्रा में सब्जियां पहुंचती हैं। फिलहाल पूरा मैदानी क्षेत्र कोहरे व पाले की चपेट में है। वहीं, बारिश की विलंबता और समस्या खड़ी कर रही है। पाले व कोहरे से सब्जियों की पैदावर पर ब्रेक लगा हुआ है। किसानों को अपेक्षा के अनुरूप उत्पादन नहीं मिल पा रहा है। उधर, बारिश की दूर-दूर तक बारिश की संभावना दिखाई नहीं देने से किसान चिंतित हैं।
पाले व कोहरे सब्जियों की फसलों पर प्रतिकूल प्रभाव डालता है। इस बार बारिश नहीं होने से समस्या पैदा हो रही है। हालांकि, अभी सब्जियों की आवक में हल्की कमी आई है। अभी सब्जी दामों में स्थिरिता है।
- अजय डबराल, सचिव, नवीन मंडी निरंजनपुर
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