नो-मैपिंग मतदाताओं के घर-घर पहुंचने लगे नोटिस।
जागरण संवाददाता, महराजगंज। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत नो-मैपिंग श्रेणी में आए मतदाताओं के घर-घर नोटिस पहुंचने लगी है। जिले के 2.17 लाख ऐसे मतदाताओं के घर-घर नोटिस पहुंची है, जिन्होंने विशेष गहन पुनरीक्षण में अपना पुराना रिकॉर्ड नहीं बता सके थे।
प्रशासन ने साफ कर दिया है कि नियत समय पर जवाब नहीं देने और निर्धारित तिथि पर सत्यापन शिविर में उपस्थित न होने की स्थिति में मतदाता सूची से नाम काट दिया जाएगा। जिले में कुल 19,92,459 मतदाता पंजीकृत हैं।
एसआईआर के दौरान 84.87 प्रतिशत यानी 16,90,962 मतदाताओं के फार्म डिजिटाइज्ड किए गए थे। मैपिंग के आंकड़ों के अनुसार 73.91 प्रतिशत यानी 14,72,746 मतदाताओं की मैपिंग पूरी हुई थी, जबकि 10.93 प्रतिशत यानी 2,17,813 मतदाता नो-मैपिंग श्रेणी में हैं। इन्हीं मतदाताओं को नोटिस जारी किए गए हैं।
सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों के स्तर से जारी नोटिस समस्त बीएलओ को प्रेषित कर दिए गए हैं, जहां से उन्हें मतदाताओं तक पहुंचाया जा रहा है।
नोटिस में मतदाता का नाम, ईपीआईसी नंबर, विधानसभा क्षेत्र, बूथ/भाग संख्या, पता तथा सत्यापन की तिथि और समय अंकित है। इसमें यह स्पष्ट किया गया है कि पूर्व की मतदाता सूची से विवरण का मिलान न होने के कारण संबंधित मतदाता को भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित मूल दस्तावेजों के साथ तय समय पर उपस्थित होकर सत्यापन कराना अनिवार्य होगा।
यह पूरी प्रक्रिया बूथ लेवल आफिसर (बीएलओ) के माध्यम से कराई जा रही है। बीएलओ नोटिस की तामीली कर रहे हैं और मतदाताओं को सत्यापन शिविर की जानकारी भी दे रहे हैं।
पांच विधानसभाओं से 13162 ने भरा नया मतदाता बनने का फॉर्म
जिले में विशेष गहन पुनरीक्षण के दावा आपत्ति के साथ ही साथ नया मतदाता बनने के लिए भी अधिक से अधिक युवा फार्म नंबर छह भरने में रुचि दिखा रहे हैं। इसमें अबतक 13162 लोगों ने फार्म नंबर छह भरा है। इसमें फरेंदा विधानसभा में सर्वाधिक 3360 मतदाता शामिल हैं। वहीं इसके सापेक्ष नौतनवा में 2348, सिसवा में 2856, महराजगंज सदर में 2108 और पनियरा में 2490 मतदाता शामिल हैं।
एसआईआर में जिन मतदाताओं की मैंपिंग नहीं हुई है, उन्हें बीएलओ स्तर से नोटिस तामिला कराया जा रहा है, नोटिस में उन्हें तिथि भी दी गई है, उस तिथि पर संबंधित मतदाता अपने नजदीकी बूथ पर पहुंचकर नोटिस का जवाब देकर अपना नाम बरकरार रख सकता है, अन्यथा नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर नाम को मतदाता सूची से हटा दिया जाएगा। -डॉ. प्रशांत कुमार, अपर जिलाधिकारी, महराजगंज। |