कनाडा में जबरन वसूली के संदेह में पंजाबी समुदाय के कई लोगों की पहचान नजर में 111 लोग (फाइल फोटो)
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। कनाडा में ब्रिटिश कोलंबिया के लोअर मेनलैंड में रिपोर्ट किए गए जबरन वसूली के मामलों पर कार्रवाई तेज कर दी है और अब जांचकर्ता सौ से अधिक विदेशी नागरिकों की संलिप्तता का विश्लेषण कर रहे हैं।
एक रिपोर्ट में कहा गया है कि रायल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (आरसीएमपी) द्वारा 2025 में स्थापित ब्रिटिश कोलंबिया एक्सटार्शन टास्क फोर्स ने 111 विदेशी नागरिकों की पहचान की है। इनमें से कई की पहचान पंजाबी समुदाय से संबंधित होने के संदेह में की गई है। बताया जाता है कि इस आपराधिक राजस्व का एक हिस्सा प्रवासी खालिस्तान अलगाववादी गतिविधियों के वित्तपोषण के लिए भी दिया जाता है।
अधिकारियों के अनुसार, जांचकर्ता बंद सर्किट टेलीविजन फुटेज, डिजिटल और फोरेंसिक सामग्री की जांच कर रहे हैं ताकि उन नेटवर्कों का पता लगाया जा सके जो विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत हैं। इन मामलों में व्यक्तियों और व्यवसायों को लक्षित करने वाले धमकियों और धन की मांगों का समावेश है, जिससे कई क्षेत्रों में भय का माहौल है।
टास्क फोर्स ने कहा कि आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को आव्रजन या शरणार्थी स्थिति से सुरक्षा नहीं मिलेगी। शरण दावों या शरणार्थी सुरक्षा से आपराधिक आरोपों या आव्रजन अधिकारियों की कार्रवाई को नहीं रोका जा सकता।
दोनों देशों में कानून प्रवर्तन स्त्रोतों का हवाला देते हुए एनडीटीवी की रिपोर्ट में कहा गया कि पश्चिमी कनाडा में प्रवेश करने वाली कोकीन और फेंटेनिल का एक महत्वपूर्ण हिस्सा अब पंजाबी-कनाडाई संगठित अपराध समूहों के एक उपसमुच्चय द्वारा नियंत्रित नेटवर्कों के माध्यम से चलता है।
लेखक, सांस्कृतिक आलोचक और फिल्म निर्माता विक्रम जुत्शी ने एनडीटीवी के लिए लिखा, \“\“कनाडा दुनिया के सबसे बड़े सिख प्रवासी समुदाय (करीब आठ लाख सिखों) का घर है। अधिकांश कानून का पालन करने वाले नागरिक हैं जिन्होंने ट्र¨कग, खेती, निर्माण व छोटे व्यवसायों से देश को समृद्ध किया है।
फिर भी पंजाबी-कनाडाई समुदाय के भीतर एक छोटा, हिंसक धड़ा पिछले दो दशकों में अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध के साथ गहराई से उलझ गया है।\“\“ सितंबर में स्थापना के बाद से टास्क फोर्स ने ब्रिटिश कोलंबिया में पुलिस एजेंसियों से 32 से अधिक जबरन वसूली से संबंधित फाइलें ली हैं।
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