जागरण संवाददाता, इटावा। मुहल्ला मोतीगंज में शुक्रवार सुबह उस समय हृदय विदारक दृश्य देखने को मिला, जब घर से माता-पिता और उनके पुत्र की अर्थियां एक साथ उठीं।
इस मर्मांतक दृश्य को जिसने भी देखा, उसकी आंखें नम हो गईं। शव यात्रा में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। स्वजन का रो-रोकर बुरा हाल था।
बेटियां मोहिनी और इति अपने माता-पिता व भाई की अर्थी के पीछे लगभग एक किलोमीटर तक गलियों में पैदल चलती रहीं। मोतीगंज क्षेत्र शोक में डूबा रहा।
शव यात्रा सबसे पहले उस स्थान पर पहुंची, जहां कारोबारी राजीव उर्फ कल्लन मंदिर का निर्माण कार्य करवा रहे थे, इसके बाद शव यात्रा मोक्ष धाम के लिए रवाना हुई।
तीनों शवों को वाहनों के माध्यम से बकेवर-भरथना रोड स्थित ओम श्री पागल बाबा गंगासागर धाम पर पंचतत्व विलयन स्थल ले जाया गया, जहां राशि के आधार पर विधि-विधान से अंतिम संस्कार किया गया।
माता-पिता की चिता को उनके बड़े पुत्र सूर्य मोहन ने मुखाग्नि दी, जबकि शिवम को उनके चचेरे भाई उज्जवल गुप्ता उर्फ राजा ने मुखाग्नि दी। एक साथ तीन चिताओं को जलते देख उपस्थित जनसमूह की आंखें भर आईं। शव वाहन भरथना के अलावा बकेवर व इटावा से पहुंचे थे।
शव यात्रा में पूर्व राज्य मंत्री विनोद यादव, कक्का, अशोक यादव, चेयरमैन अजय यादव गुल्लू, आरएन दुबे, अनिल श्रीवास्तव, राम प्रकाश शाक्य, विपिन पोरवाल, हरिओम दुबे, देवेंद्र पोरवाल, नेक्सा पोरवाल, संजू पोरवाल, बंटू गौर, त्रिलोकी पोरवाल, अनु दीक्षित, गुड्डू चौरसिया, गोपाल महेश्वरी, सभासद छेदीलाल सहित नगर के व्यापारी एवं जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। |