संजय कुमार, जागरण रांची। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष पर झारखंड के अलग-अलग जिलों व प्रखंडों में सरना सनातन समाज की ओर से विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। शनिवार को लातेहार, रामगढ़ और हजारीबाग में सम्मेलन का आयोजन हुआ।
लातेहार के बालूमाथ स्थित जोगियाडीह स्थित बिरसा मैदान में विश्व हिंदू परिषद के केंद्रीय संगठन महामंत्री मिलिंद परांडे ने युवाओं के साथ-साथ समाज को चेतावनी के साथ सुझाव भी दिए। उन्होंने कहा कि हमारी बेटियां लव जिहाद की शिकार न बनें। इसके साथ ही युवाओं को नशापान से दूर रहने, हिंदू जनसंख्या बढ़ाने और समाज की सुरक्षा के लिए आवश्यकता पड़ने पर शस्त्र उठाने में कोई बुराई नहीं होने की सलाह दी।
उन्होंने कहा कि गांव में ईसाई मिशनरियों का प्रवेश बंद होना चाहिए। जातिगत भेदभाव नहीं होना चाहिए। हमारी लड़कियां मुसलमानों के घर न जाएं। नशापान के कारण समाज खोखला होता जा रहा है। इस कार्यक्रम में पहुंचे हिंदूवादी नेता भैरव सिंह का युवाओं ने भव्य स्वागत किया।
संघ के प्रांत प्रचारक गोपाल शर्मा ने भी हिंदू एकता पर जोर देते हुए कहा कि समय आ गया है कि सभी हिंदू धर्म के लोग एकजुट हों और जात-पात में न बंटें। कार्यक्रम की शुरुआत बालूमाथ के दुर्गा मंडप परिसर से बड़ी संख्या में महिला-पुरुषों द्वारा कलश यात्रा निकालकर की गई। मौके पर बजरंग दल झारखंड प्रांत संयोजक रंगनाथ महतो लातेहार विधायक प्रकाश राम सहित हजारों की संख्या में हिंदू समाज के लोग उपस्थित थे।
सनातन संस्कृति और विचार व्यवहार को आत्मसात करे हिंदू समाज: राकेश लाल
रामगढ़ जिले के भदानीनगर के बाल विकास विद्यालय परिसर में आयोजित हिंदू सम्मेलन को संबोधित करते हुए संघ के उत्तर-पूर्व क्षेत्र सामाजिक सदभाव संयोजक राकेश लाल ने कहा कि सनातन दुनिया का सबसे प्राचीन धर्म है, जिसकी स्थापना किसी व्यक्ति ने नहीं, बल्कि आदि अनंत से चली आ रही विरासत है।
हमारा उद्देश्य हिंदू समाज को एकजुट कर धर्म और राष्ट्र को मजबूती प्रदान करना है। भारत एक जमीन का टुकड़ा नहीं है। हम सनातनी इसे भारत माता कहते हैं, जिसका सीधा अर्थ है कि यह हमारे आस्था, विश्वास और आत्मसम्मान से जुड़ा हुआ है। दूसरा कोई इसकी महत्ता नहीं समझ सकता। इसलिए इसकी रक्षा और विकास के लिए हिंदू समाज को सनातन संस्कृति और विचार व्यवहार को आत्मसात करना होगा।
जागरूक व संगठित समाज समय की मांग: बिट्टू
उधर, हजारीबाग के पदमा प्रखंड के रोमी मैदान में आयोजित हिंदू सम्मेलन को संबोधित करते हुए आरएसएस के प्रांत संपर्क प्रमुख राजीव कमल बिट्टू ने कहा कि आज के समय में जागरूक और संगठित समाज की आवश्यकता है। हमें एक रहना है, आपस में बंटना नहीं है। आरएसएस के हजारीबाग विभाग प्रचारक आशुतोष कुमार ने अपने संबोधन में भगवान राम के जीवन को मर्यादा, सत्य और कर्तव्य का आदर्श बताते हुए परिवारों से बच्चों को धार्मिक एवं नैतिक कथाएं सुनाने का आग्रह किया।
उन्होंने स्वामी विवेकानंद के शिकागो धर्म सम्मेलन के ऐतिहासिक उद्बोधन का उल्लेख कर युवाओं को उनके विचारों से प्रेरणा लेने का आह्वान किया। मातृशक्ति की महिमा का वर्णन करते हुए उन्होंने जिजामाता के संस्कारों से निर्मित छत्रपति शिवाजी महाराज का उदाहरण दिया और कहा कि संस्कारवान पीढ़ी ही राष्ट्र को सशक्त बनाती है। कार्यक्रम के प्रारंभ में शिव चर्चा भी की गई। सम्मेलन में बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल थीं। |
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