LHC0088 • 1 hour(s) ago • views 853
India vs Pakistan Semi Final Qualification Scenario: क्या नहीं होगा भारत-पाक का सेमीफाइनल?
डिजिटल डेस्क, जागरण दिल्ली। कप्तान हैरी ब्रूक (100) की संयमित और धैर्यपूर्ण पारी के दम पर इंग्लैंड ने मंगलवार को टी-20 विश्व कप सुपर-8 मुकाबले में दो विकेट से हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई। पल्लेकल में खेले गए मुकाबले में पाकिस्तान के 167 रन के लक्ष्य को इंग्लैंड ने 19.1 ओवर में आठ विकेट खोकर हासिल कर लिया। पाकिस्तान की इस हार के साथ ही अब सेमीफाइनल में भारत के साथ उसकी भिड़ंत मुश्किल हो गई है।
दो मैचों में एक हार और एक मैच रद होने के बाद पाकिस्तान (Pakistan National Cricket Team) का एक ही अंक है। अब उसका केवल एक मैच श्रीलंका के खिलाफ शेष है। ऐसे में उसका अब अंतिम चार में पहुंचना बहुत मुश्किल हो गया है। भारतीय टीम ग्रुप एक में अभी तीसरे स्थान पर है, लेकिन अगर भारत (India National Cricket Team) सेमीफाइनल में पहुंचती भी है तो वह दूसरे नंबर पर रहेगी क्योंकि उसका नेट रन रेट अच्छा नहीं है।
ऐसे में भारत से भिड़ने के लिए पाकिस्तान को ग्रुप दो में शीर्ष स्थान के साथ अंतिम चार में जगह बनानी होती, जो अब संभव नहीं दिखता है।
ENG vs PAK: ब्रूक की कप्तानी पारी
लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड की शुरुआत बेहद खराब रही। शाहीन अफरीदी ने पहली ही गेंद पर फिल साल्ट को गोल्डन डक पर आउट कर इंग्लैंड को बड़ा झटका दिया। इसके बाद उन्होंने पावरप्ले के भीतर जोस बटलर और जैकब बेथेल को भी पवेलियन भेजकर 35 रन पर तीन विकेट चटकाकर इंग्लैंड को संकट में डाल दिया, लेकिन इसके बाद कप्तान हैरी ब्रूक ने मोर्चा संभाला।
टॉम बैंटन के आउट होने के बाद ब्रूक ने संयम और आक्रामकता का बेहतरीन संतुलन दिखाया। उन्होंने बिना जोखिम उठाए लगातार रन बटोरे। चौकों की बरसात के साथ-साथ उन्होंने स्ट्राइक रोटेशन पर भी खास ध्यान दिया, जिससे मध्य ओवरों में रन गति बनी रही। सैम कुर्रन के आउट होने के बाद विल जैक्स उनके साथ क्रीज पर आए और दोनों के बीच छठे विकेट के लिए महत्वपूर्ण साझेदारी हुई।
तेज दौड़, सटीक शॉट चयन और सही समय पर आक्रामकता ने पाकिस्तान के गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखा। ब्रूक ने 17वें ओवर में अपना शानदार शतक पूरा किया, जो उनकी पारी की मजबूती और नियंत्रण को दर्शाता है।शाहीन अफरीदी ने अपने आखिरी ओवर की अंतिम गेंद पर ब्रूक को आउट कर जरूर वापसी की कोशिश की, लेकिन तब तक मैच इंग्लैंड की पकड़ में आ चुका था।
ब्रूक ने अपनी पारी में 10 चौके और चार छक्के लगाए और टी-20 विश्व कप में शतक लगाने वाले पहले कप्तान बने। अंत में मुकाबला थोड़ा रोमांचक जरूर हुआ, लेकिन ब्रूक की विशेष पारी ने इंग्लैंड को जीत दिलाने में निर्णायक भूमिका निभाई। इस जीत के साथ इंग्लैंड टूर्नामेंट की पहली टीम बन गई है, जिसने सेमीफाइनल में प्रवेश किया है। दबाव में खेली गई ब्रूक की यह पारी लंबे समय तक याद रखी जाएगी।
पाकिस्तान टीम को मिली हार
इससे पहले धीमी पिच पर इंग्लिश गेंदबाजों ने पाकिस्तानियों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया। लेकिन साहिबजादा फरहान ने 45 गेंदों पर 63 रन बनाकर टीम को लड़ने लायक स्कोर तक पहुंचाया। फरहान की पारी में सात चौके और दो छक्के शामिल थे। उन्होंने खासकर इंग्लैंड के स्पिनरों के विरुद्ध शानदार स्वीप शाट्स खेले और आफ स्पिनर विल जैक्स को काउ कार्नर के ऊपर से छक्का जड़कर दबाव कम किया।
हालांकि, उनकी पारी का अंत जेमी ओवर्टन की सटीक यार्कर पर हुआ, जो सीधे मिडिल स्टंप की जड़ से टकराई। इंग्लैंड की ओर से बाएं हाथ के स्पिनर लियाम डासन सबसे सफल गेंदबाज रहे। उन्होंने चार ओवर में 24 रन देकर तीन विकेट झटके। डासन ने 18वें ओवर में लगातार दो गेंदों पर उस्मान खान और मोहम्मद नवाज को आउट कर पाकिस्तान को बड़ा स्कोर बनाने से रोक दिया। उनकी गेंदबाजी में सटीक लाइन-लेंथ और पिच से मिल रही पकड़ साफ दिखी।
उन्होंने 12 डाट बाल भी डालीं। पाकिस्तान की पारी को उस समय झटका लगा जब फरहान और वापसी कर रहे फखर जमां (25) जल्दी-जल्दी आउट हो गए। दोनों के बीच चौथे विकेट के लिए 4.5 ओवर में 49 रन की तेज साझेदारी हुई थी। फखर कुछ आक्रामक शाट्स खेलने के बाद आदिल राशिद की गुगली को पढ़ने में चूक गए और ओवरटन ने पीछे भागते हुए शानदार कैच लपका।
आरंभिक बल्लेबाज सैम अयूब एक बार फिर तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर की गति और उछाल के सामने असहज दिखे। शॉर्ट गेंद पर पुल शाट खेलने की कोशिश में वह डीप स्क्वायर लेग पर कैच आउट हो गए। कप्तान सलमान अली आगा की खराब फार्म भी जारी रहा और वह डासन की गेंद पर ओवरटन के हाथों लपके गए। बाबर आजम (25) भी रन गति बढ़ाने में संघर्ष करते दिखे। बड़े शाट्स लगाने में विफल रहने के बाद उन्होंने ओवरटन की गेंद पर लापरवाही भरा शाट खेला और बोल्ड हो गए।
यह भी पढ़ें- PAK vs ENG: पाकिस्तान के खिलाफ शतक लगाकर हैरी ब्रूक ने बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड, रोहित-विराट अपने करियर में नहीं कर सके ऐसा
 |
|