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दीवार पर लिखा...मेरी मौत के बेटे हैं जिम्मेदार, फिर लगा लिया फंदा, प्रतापगढ़ पुलिस इस सुसाइड नोट की सत्यता की कर रही पड़ताल

LHC0088 2025-10-17 23:07:40 views 1237
  

प्रतापगढ़ के फतनपुर में अधेड़ द्वारा फंदे से लटककर आत्महत्या करने वाले के बाद लोगों से पूछताछ करती पुलिस। जागरण



संसू, जागरण, रानीगंज (प्रतापगढ़)। मेरी मौत के जिम्मेदार मेरे बेटे कल्लू व धर्मेंद्र हैं... इन दोनों ने मुझ गलत ठहराया था। ऐसा सुसाइड नोट कोयले से घर की दीवार पर लिखकर एक अधेड़ ने फंदा लगाकर एक अधेड़ व्यक्ति ने अपनी जान दे दी। इस उलझे केस की जांच पुलिस ने शुरू कर दी है। विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें
फतनपुर के कोयम गांव में पेड़ पर लटका मिला शव

फतनपुर के कोयम गांव निवासी 55 साल के इंद्रदेव सरोज घर पर ही रहकर खेती बारी के साथ राजगीरी भी करते थे। गुरुवार रात में वह खाना खाकर घर में सोए। शुक्रवार की सुबह घर के सामने नीम के पेड़ से उनका शव रस्सी से लटकता मिला। भोर करीब चार बजे उनकी पत्नी शकुंतला ने शव को पेड़ से लटकता देखा तो चीख पड़ी। शोर सुनकर घर वाले भी दौड़े। इंद्रदेव के शव उतारा गया।
फोरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल की जांच की

कुछ देर बाद फतनपुर थाने के उप निरीक्षक अतुल यादव, प्रदीप कुमार भी पुलिस बल के साथ पहुंचे। घर वालों से घटना की जानकारी ली। सीओ व थानाध्यक्ष भी घटनास्थल पर पहुंचे। बाद में फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल की जांच की।
छोटी बेटी की दीपावली बाद सगाई थी तैयारी

इंद्रदेव के तीन बेटे व दो बेटियां हैं। बड़ा बेटा कल्लू ही घर पर रहता है। धर्मेंद्र व महेंद्र रोजी-रोटी के सिलसिले में मुंबई में रहते हैं। छोटी बेटी अंतिमा की शादी अभी नहीं हुई है। दीपावली बाद सगाई की तैयारी चल रही थी।
मेरे दो भाई व दो भतीजे ही लाश को कंधा देंगे...

पुलिस तब चौंक गई, जब उसकी नजर घर की दीवार पर पड़ी। उस पर लिखा था...मौत का जिम्मेदार कल्लू, धर्मेंद्र है। इन्हाेंने फोन पर कहा था कि पापा तुम गलत हो...। मेरे भाई इंद्रपाल व पंडित तथा दो भतीजे ओमप्रकाश जयप्रकाश ही लाश को कंधा देंगे और कोई नहीं। पुलिस ने इसका वीडियो कैद कर लिया। दोनों बेटों को ही मौत का जिम्मेदार लिखे जाने की बात चर्चाओं में है। पुलिस इस लिखावट की हकीकत की जांच में जुटी है।
क्या कहते हैं फतनगंज के थानाध्यक्ष

फतनगंज के थानाध्यक्ष राजेंद्र कुमार त्रिपाठी का कहना है कि स्वजन कुछ बता नहीं रहे हैं। दीवार पर लिखावट इंद्रदेव की है या किसी और की, इसकी भी तकनीकी जांच कराई जाएगी। तथ्यों के आधार पर कार्रवाई होगी।

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