धर्मेश शुक्ला, लखीमपुर। प्रदेश के छह जिलों से सटी नेपाल सीमा की निगहबानी अब राजस्वकर्मी भी करेंगे। सीमा पर अवैध रूप से चल रहे अंतरराष्ट्रीय सिमकार्ड के काले नेटवर्क को तोड़ने का शासन ने जिम्मा अब राजस्वकर्मियों को दिया गया है। खीरी, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर, महराजगंज जिलों की सीमा पर कार्यरत ग्राम विकास अधिकारी, लेखपाल, रोजगार सेवकों और ग्राम प्रधानों को अब अपने अन्य सरकारी कार्यों के अलावा ये पता भी लगाना होगा कि उनके क्षेत्र में कहीं अवैध रूप से लाए गए अंतरराष्ट्रीय सिम का प्रयोग तो नहीं किया जा रहा।
खुफिया एजेंसियों को ये पुख्ता सुबूत मिले हैं कि इन जिलों की सीमा पर अंतरराष्ट्रीय सिम के जरिए टेली कम्यूनिकेशन नेटवर्क चलाए जा रहे हैं। जिनको रोंकने और ऐसी सूचनाएं तुरंत शासन को उपलब्ध कराए जाने का जिम्मा अब राजस्वकर्मियों का होगा।
भारत संचार मंत्रालय के दूरसंचार विभाग के एक महत्वपूर्ण पत्र में कहा गया है कि देश में अंतर राष्ट्रीय सिम कार्डों के दुरपयाेग एवं सीमाई इलाकों में अवैध टेलीकम्युनिकेशन नेटवर्क का पता लगाने और उसे रोकने के लिए अब व्यापक अभियान चलाए जाने की जरूरत है। इसके लिए प्रधानमंत्री कार्यालय से भी आदेश जारी हुआ है। जिसमें देश में अंतरराष्ट्रीय सिम कार्डों के दुरुपयोग को रोकने और ट्रैक करने के लिए आईबी/राज्य पुलिस के समन्वय से अभियान चलाए जाने के निर्देश दिए गए हैं।
नुकसान पहुंचाने लगेगा ये जुर्माना
आदेश में ये भी जानकारी दी गई है कि लखीमपुर खीरी, बलरामपुर, बहराइच, श्रावस्ती, सिद्धार्थनगर और महाराजगंज के नागरिकों को बताया जाए कि दूरसंचार अधिनियम 2023 के प्रावधानों के अनुसार अंतर्राष्ट्रीय सिम कार्डों की बिक्री एक अपराध है। जो कोई भी धारा 3 की उप-धारा (1) के तहत बिना अनुमति के टेलीकम्युनिकेशन सेवाएं देता है या टेलीकम्युनिकेशन नेटवर्क स्थापित करता है, या महत्वपूर्ण टेलीकम्युनिकेशन इंफ्रास्ट्रक्चर को नुकसान पहुंंचाता है, उसे तीन साल तक की कैद, या दो करोड़ रुपये तक के जुर्माने, या दोनों से दंडित किया जाएगा।
इस सिलसिले में दूरसंचार विभाग/लाइसेंस सेवा क्षेत्रों की क्षेत्रीय इकाइयों को निर्देशित किया गया है कि वे अंतरराष्ट्रीय सीमाओं के निकट स्थित बिक्री केंद्रों, अंतरराष्ट्रीय सिम कार्ड विक्रेताओं का पृथक सर्वेक्षण/अभियान चलाएं, जिससे अंतरराष्ट्रीय सिम कार्डों के दुरुपयोग की पहचान एवं रोकथाम की जा सके। यह अभियान इंटेलिजेंस ब्यूरो एवं राज्य पुलिस के समन्वय से संचालित किया जाए।
दूरसंचार सेवा प्रदाताओं से बेहद सख्तर और प्राथमिकता के आधार पर लेते हुए राजस्व कर्मी अपने क्षेत्र के विक्रेताओं/बिक्री केंद्रों/फ्रेंचाइज़ियों को विदेशी सिम कार्डों की बिक्री एवं उनके संभावित दुरुपयोग के संबंध में जागरूक करें। खीरी जिले के श्रमायुक्त अमित सिंह परिहार ने जारी एक आदेश में कार्यक्रम अधिकारी / खण्ड विकास अधिकारी विकास खंड पलिया, निघासन रमियाबेहड, धौरहरा व ईसानगर को कहा है कि वह खीरी जिले की लगभग सवा सौ किलोमीटर लंबी नेपाल सीमा पर अपने राजस्व कर्मियों को सभी निर्देशाें का सख्ती से अनुपालन कराएं। |