जागरण संवाददाता, मेरठ। नए साल में ठंड के तेवर बढ़े हुए हैं। दो दिन से धूप के दर्शन शहर वासियों को नहीं हुए हैं। चार साल की अवधि में इस बार का दिसंबर सबसे ठंड रहा है। मौसम विज्ञानियों की मानें तो भीषण ठंड का दौर चार जनवरी से देखने को मिलेगा जब शीतलहर चलेगी।ठंड का प्रभाव अमूमन तब बढ़ जाता है जब सूरज न निकले। जनवरी की शुरुआत इसी तरह हुई है। अधिकतम तापमान सामान्य से कम बना हुआ है।
गुरुवार को भी अधिकतम तापमान 16.1 डिग्री, सामान्य से एक डिग्री कम रिकार्ड किया गया। वहीं न्यूनतम तापमान 11.2 डिग्री सेल्सियस रहा। 24 घंटे के अंतराल में तापमान में केवल 4.9 डिग्री का अंतर दर्ज किया गया है। दिन में हल्की ठंड हवाएं चलने से प्रदूषित कण का जमाव एक जगह नहीं हो पाया वायु गुणवत्ता में आंशिक सुधार देखा गया। शाम चार बजे एक्यूआइ 214 रहा। हालांकि अभी भी खराब की श्रेणी में है।
इस बार दिसंबर 2025 में सबसे कम तापमान 4.6 डिग्री क्रिसमस वाले दिन रिकार्ड किया गया। इसके पहले 2021 में दिसंबर में 2.8 डिग्री सबसे कम तापमान दर्ज किया गया था। दिसंबर 2025 में औसत अधिकतम तापमान 21.9 और औसत न्यूनतम तापमान 8.3 था। यह भी 2021 के बाद सबसे कम है।
कश्मीर घाटी में पिछले 36 घंटों में बर्फबारी देखने को मिली है। जम्मू कश्मीर में चिल्लई कला चल रहा है यह 40 दिन का वह समय होता है जब भीषण ठंड पड़तीहै। पहाड़ों पर बरसात और बर्फबारी का प्रभाव आने वाले दिनों में मैदानों में भी देखने को मिलेगा। सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय के मौसम केंद्र के प्रभारी डा. यूपी शाही ने बताया कि मेरठ और आसपास के क्षेत्र में शुक्रवार को बादल छाए रहे। आने वाले दिनों में कोहरा और कड़ाके की सर्दी का दौर देखने को मिलेगा। ठंडी हवाएं सर्दी में और इजाफा करेंगी। |