चरखी दादरी में डिजिटल जनगणना 2027 की तैयारियां शुरू (फोटो: जागरण)
जागरण संवाददाता, चरखी दादरी। पंजीयक जनरल एवं जनगणना आयुक्त कार्यालय द्वारा भारत की जनगणना 2027 की तैयारियां शुरू हो गई हैं। इसे लेकर मंगलवार को उपायुक्त डा. मुनीश नागपाल की अध्यक्षता में संबंधित अधिकारियों की बैठक का आयोजन किया गया।
उपायुक्त ने बैठक में कहा कि जनगणना एक अत्यंत व्यापक और राष्ट्रहित से जुड़ा कार्य है। भारत जैसे विशाल देश में लगभग 140 करोड़ लोगों की गणना करना एक ऐतिहासिक एवं प्रशासनिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण कार्य है। इस प्रक्रिया की सटीकता और सुचारू संचालन सुनिश्चित करने के लिए पूर्व परीक्षण दिया गया है।
उन्होंने बताया कि अब प्रशिक्षण का अगला चरण शुरू होगा। यह रिहर्सल हमारी प्रणालियों की कमजोरियों को पहचानने और उन्हें सुधारने का एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करता है। उन्होंने बताया कि इस बार की जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से की जाएगी, जिसमें मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से आंकड़े सीधे दर्ज किए जाएंगे। इससे आंकड़ों की गुणवत्ता में सुधार होगा, त्रुटियां न्यूनतम होंगी और डाटा प्रोसेसिंग में काफी समय की बचत होगी। यह भारत की पहली डिजिटल जनगणना होगी।
पहले जहां पेपर शेड्यूल के माध्यम से सूचनाएं एकत्रित की जाती थीं, वहीं अब डिजिटल प्लेटफार्म के उपयोग से यह प्रक्रिया और अधिक सटीक, तेज तथा पारदर्शी बनेगी। बैठक में एसडीएम योगेश सैनी व आशीष सांगवान, डीइओ धर्मेंद्र चौधरी व डीआईओ सुनील कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
उपायुक्त ने बताया कि इस बार देश की जनगणना दो चरणों में संपन्न होगी। पहला हाउस लिस्टिंग आपरेशन रहेगा जो अप्रैल 2026 से प्रारंभ होगा जबकि दूसरा जनसंख्या गणना जो फरवरी 2027 में आयोजित की जाएगी। उन्होंने कहा कि जनगणना के आंकड़े न केवल सरकारी नीतियों की दिशा तय करते हैं, बल्कि यह भी दर्शाते हैं कि योजनाएं कितनी प्रभावशाली रूप से लागू हुई हैं और किन क्षेत्रों पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। ऐसे में हर व्यक्ति की सहभागिता आवश्यक है, क्योंकि जनगणना का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि एक भी व्यक्ति छूटे नहीं।
ड. नागपाल ने बताया कि पहली बार डिजिटल जनगणना प्रणाली का उपयोग किया जा रहा है। अब जनगणना पूरी तरह पेपरलेस होगी, जिसमें मोबाइल एप्लीकेशन के माध्यम से आंकड़े एकत्र किए जाएंगे। रजिस्ट्रार जनरल आफ इंडिया के नेतृत्व में विकसित इन एप की फील्ड टेस्टिंग हरियाणा के फरीदाबाद, हिसार और पंचकूला जिलों में 30 नवंबर 2025 तक की जा चुकी है। |
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