आरोपी के तलाश में पुलिस कर रही छापेमारी। जागरण
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। रिच सिग्नल मल्टी बिजनेस प्राइवेट लिमिटेड के निदेशकों की जालसाजी के नए मामले रोज सामने आ रहे हैं। सहायक अध्यापक से पर्सनल लोन के जरिए 64 लाख रुपये का निवेश कराकर हड़प लिए गए। पीड़ित की शिकायत पर रामगढ़ताल थाना पुलिस ने प्रोपराइटर और निदेशकों के विरुद्ध एक और मुकदमा दर्ज किया है।
महराजगंज जिले के नौतनवा पकदह में रहने वाले चन्द्र भानु प्रसाद उच्च प्राथमिक विद्यालय जमुहानी कम्पोजिट में सहायक अध्यापक हैं।रामगढ़ताल थाना पुलिस को दी गई तहरीर में उन्होंने लिखा है कि गोरखपुर में संचालित रिच सिग्नल मल्टी बिजनेस प्राइवेट लिमिटेड और उससे जुड़ी आल ट्रेड मार्ट लिमिटेड के प्रोपराइटर चौरीचौश्रा के सरैया टोला लौठरवा में रहने वाले सुशील कुमार निगम तथा अन्य निदेशकों ने उन्हें अधिक मुनाफे का लालच दिया।
इस पूरे प्रकरण में फरेंदा क्षेत्र के सरकारी शिक्षक गणेश प्रसाद और छेदी प्रसाद निषाद ने मध्यस्थ बनकर यह भरोसा दिलाया कि पर्सनल लोन की कोई भी ईएमआइ बाउन्स नहीं होने दी जाएगी। आरोप है कि इसी भरोसे पर विभिन्न बैंकों से पर्सनल लोन कराकर कुल 64 लाख रुपये कंपनी में निवेश किए। शर्त तय हुई कि हर माह ईएमआइ कंपनी भरेगी।
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शुरुआती छह माह तक ईएमआइ समय से जमा होती रही, जिससे पीड़ित को किसी तरह का संदेह नहीं हुआ। लेकिन अक्टूबर, 2024 के बाद अचानक भुगतान रोक दिया गया और इसके बाद बहानेबाजी शुरू हो गई।
मजबूरी में कर्ज लेकर जनवरी, 2025 तक किसी तरह बैंक की किस्तें जमा कीं, लेकिन बाद में आर्थिक हालात इतने बिगड़ गए कि बैंक के सामने हाथ खड़े करने पड़े।
पीड़ित का आरोप है कि इस ठगी के चलते वह गंभीर मानसिक अवसाद में चला गया है। वर्तमान में उसके ऊपर बैंक की कुल 92.90 लाख रुपये देनदारी है। सीओ कैंट योगेंद्र सिंह ने बताया कि आरोपितों पर मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश की जा रही है। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जाएगा। |
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