Digital Record Management: पाइलिंग के लिए किया जा रहा गड्ढा, एक वर्ष में निर्माण पूरा करने का लक्ष्य! फोटो: जागरण
जागरण संवाददाता, मुजफ्फरपुर। Muzaffarpur Collectorate Building: जिले में वर्षों से चली आ रही अभिलेखों के रखरखाव की समस्या अब जल्द ही दूर होने वाली है। समाहरणालय परिसर के पूर्वी हिस्से में अत्याधुनिक मॉडल अभिलेखागार का निर्माण कार्य शुरू कर दिया गया है।
फिलहाल पाइलिंग के लिए गड्ढ़ा खोदने का काम चल रहा है, जिसके बाद पिलर निर्माण की प्रक्रिया शुरू होगी। अधिकारियों ने एक वर्ष के भीतर भवन निर्माण पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
भवन निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता ई. रवि चंद्र ने बताया कि इस परियोजना का टेंडर मीनापुर की एक एजेंसी को दिया गया है। निर्माण कार्य की नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है और एजेंसी को सामग्री की गुणवत्ता को लेकर विशेष निर्देश दिए गए हैं। इस आधुनिक अभिलेखागार के निर्माण पर करीब पांच करोड़ रुपये खर्च होंगे।
यह भवन जी प्लस टू संरचना का होगा। निर्माण पूरा होने के बाद वर्तमान में जर्जर हो चुके पुराने अभिलेखागार भवन से सभी रिकॉर्ड नए भवन में स्थानांतरित किए जाएंगे।
साथ ही संबंधित कार्यालय और अधिकारियों के कक्ष भी इसी परिसर में शिफ्ट होंगे। मौजूदा भवन में अभिलेखों के सुरक्षित संरक्षण की उचित व्यवस्था नहीं होने के कारण रिकॉर्ड नष्ट होने का खतरा बना रहता है, जिसे देखते हुए नए भवन का निर्माण कराया जा रहा है।
नया अभिलेखागार डिजिटल रिकॉर्ड और वैज्ञानिक संरक्षण व्यवस्था से युक्त होगा। इसमें आधुनिक रैक सिस्टम, अग्निशमन सुरक्षा व्यवस्था और फाइलों के दीर्घकालिक संरक्षण के लिए विशेष सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
इसके अलावा एक डाटा सेंटर भी बनाया जाएगा, जहां पुराने दस्तावेजों का डिजिटलीकरण कर उन्हें ऑनलाइन खोज योग्य बनाया जाएगा।
भूमि सर्वेक्षण से जुड़े दस्तावेज, खतियान, वंशावली और अन्य महत्वपूर्ण ऐतिहासिक अभिलेखों को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से इस मॉडल अभिलेखागार का निर्माण किया जा रहा है। इसके पूरा होने से आम लोगों को आवश्यक अभिलेखों की प्रतियां पारदर्शी और सुगम तरीके से उपलब्ध कराई जा सकेंगी। |