LHC0088 • 2 hour(s) ago • views 195
कार्यशाला का उद्घाटन करते उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा, प्रधान सचिव, पटना की मेयर सीता साहू व अन्य।
राज्य ब्यूरो, पटना। राज्य में भवन निर्माण से जुड़े नियमों को आम लोगों के लिए आसान और पारदर्शी बनाने की दिशा में बड़ा बदलाव होने जा रहा है।
सरकार बिल्डिंग बायलाज में संशोधन कर रही है, जिसके तहत अब बायलाज उल्लंघन पर जेल की सजा के प्रावधान को हटाकर आर्थिक दंड का प्रावधान किया जाएगा। इससे आम नागरिकों, छोटे भवन मालिकों और बिल्डरों को राहत मिलेगी।
इसके साथ ही राज्य के सभी नगर निकायों में नक्शा पास कराने, भूमि उपयोग परिवर्तन (भू-परिवर्तन) और अन्य टाउन प्लानिंग से जुड़ी सेवाएं पूरी तरह ऑनलाइन की जाएंगी।
सरकार ने एक जुलाई से नगर निकायों में आम जनता को फेसलेस और डिजिटल सुविधाएं देने का लक्ष्य तय किया है।रविवार को नगर विकास एवं आवास विभाग की ओर से राजधानी के तारामंडल सभागार में टाउन प्लानिंग विषय पर स्टेकहोल्डरों के लिए आयोजित कार्यशाला में इन प्रस्तावित बदलावों की जानकारी दी गई।
कार्यशाला का उद्घाटन उप मुख्यमंत्री सह नगर विकास एवं आवास मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने किया। इस दौरान भविष्य के शहरों की विकास रूपरेखा, नियोजित शहरीकरण और स्मार्ट सुविधाओं पर व्यापक मंथन हुआ।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि भवन निर्माण से जुड़ी प्रक्रियाएं जटिल होने के कारण आम लोगों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
नए संशोधनों से नियम सरल होंगे और लोगों को समयबद्ध सेवाएं मिलेंगी। ऑनलाइन प्रणाली लागू होने से नगर निकायों में कार्यप्रणाली पारदर्शी होगी और भ्रष्टाचार पर भी प्रभावी अंकुश लगेगा।
उन्होंने बताया कि भवन निर्माण, नक्शा स्वीकृति और अन्य सेवाओं के लिए केंद्र सरकार के पोर्टल का सहयोग लिया जाएगा, ताकि पूरे राज्य में एक समान डिजिटल व्यवस्था लागू की जा सके।
बिहार को पूर्वी भारत का टेक हब बनाने की तैयारी
उपमुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने मंत्रिमंडल की पहली बैठक में ही राज्य में 11 नए टाउनशिप विकसित करने का निर्णय लिया है।
इनमें नौ प्रमंडलीय मुख्यालयों के साथ सोनपुर और सीतामढ़ी को भी शामिल किया गया है। सरकार का लक्ष्य बिहार को पूर्वी भारत का टेक हब बनाना है। इसके लिए डिफेंस कॉरिडोर के साथ-साथ सेमीकंडक्टर यूनिट स्थापित करने की योजना पर भी काम किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि देश की लगभग 36 प्रतिशत आबादी शहरी क्षेत्रों में रहती है, जबकि बिहार में यह आंकड़ा केवल 16.6 प्रतिशत है।
शहरीकरण की इस धीमी गति को तेज करने के लिए सरकार आधारभूत संरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य और कानून-व्यवस्था को मजबूत कर रही है।
बिल्डिंग बायलाज में बदलाव से जनता को राहत : प्रधान सचिव
कार्यशाला में नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव विनय कुमार ने कहा कि बिल्डिंग बायलाज में प्रस्तावित बदलावों से आम नागरिकों को सीधा लाभ मिलेगा। नक्शा पास कराने और भू-परिवर्तन की प्रक्रिया सरल, पारदर्शी और समयबद्ध होगी।
इस अवसर पर पटना की मेयर सीता साहू, विभागीय सचिव संदीप कुमार पुडकलकट्टी, पटना के आयुक्त अनिमेष पराशर सहित कई वरिष्ठ अधिकारी, नगर निकाय प्रतिनिधि और तकनीकी विशेषज्ञ मौजूद रहे।
प्रस्तावित प्रमुख बदलाव
- बिल्डिंग बायलाज उल्लंघन पर जेल की सजा खत्म
- उल्लंघन पर अब आर्थिक जुर्माना
- नक्शा पास और भू-परिवर्तन पूरी तरह ऑनलाइन
ऑनलाइन सेवाओं का लक्ष्य
- सभी नगर निकायों में फेसलेस सिस्टम
- एक जुलाई से लागू करने की तैयारी
- केंद्र सरकार के पोर्टल का उपयोग
शहरी विकास की दिशा में बदलाव
- 11 नए टाउनशिप विकसित होंगे
- बिहार को पूर्वी भारत का टेक हब बनाने की योजना
- डिफेंस कॉरिडोर और सेमीकंडक्टर यूनिट पर जोर
|
|