औली में नेशनल गेम्स के लिए तैयार स्की स्लोप। जागरण
देवेंद्र रावत, गोपेश्वर। विश्व प्रसिद्ध शीतकालीन खेल केंद्र औली नेशनल स्कीइंग चैंपियनशिप व विंटर कार्निवल के आयोजन को सज चुका है।
16 फरवरी तक चलने वाली चैंपियनशिप का उद्घाटन शुक्रवार को रंगारंग कार्यक्रमों के बीच पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज करेंगे।
पर्यटन विभाग, गढ़वाल मंडल विकास निगम (जीएमवीएन) और विंटर गेम्स एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस चैंपियनशिप में सेना, आइटीबीपी व सीआरपीएफ समेत देश के विभिन्न राज्यों से 17 टीम प्रतिभाग कर रही हैं।
- खिलाड़ियों ने गुरुवार को औली की ढलानों पर अभ्यास किया।
इस वर्ष चैंपियनशिप में मुकाबला बेहद कड़ा होने वाला है। विंटर कार्निवल के आयोजन इस चैंपियनशिप को और भव्य बना दिया है।
उत्तराखंड के स्कीइंग कोच विकेश डिमरी ने बताया कि उत्तराखंड से 35 खिलाड़ियों के अलावा विभिन्न राज्यों के 300 से अधिक खिलाड़ी, टीम मैनेजर व कोच औली पहुंच चुके हैं।
हालांकि, इस बार प्रकृति ने थोड़ी चुनौती पेश की है। कम बर्फबारी के चलते आयोजकों ने रणनीति में बदलाव कर स्की माउंट्रेनिंग की स्पर्धाएं दस नंबर टावर के पास स्थित पुराने स्लोप में कराने का निर्णय लिया है।
आइटीबीपी के डिप्टी कमांडेंट नानक चंद ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय मानकों वाले 1,350 मीटर लंबे व 40 मीटर चौड़े ‘फिस’ स्लोप (दक्षिणमुखी नंदा देवी स्लोप) पर सलालम व ज्वांइट सलालम के साथ स्नो बोर्ड की रेस आयोजित होगी।
- बताया कि खिलाड़ियों के उत्साह को देखते हुए पहली बार सुबह सात बजे से ही स्पर्धाएं शुरू कर दी जाएंगी।
विंटर गेम्स एसोसिएशन के राष्ट्रीय स्की कोच अजय भट्ट ने बताया कि अल्पाइन स्कीइंग, स्नो बोर्ड, स्की माउंटेनियरिंग, स्नोशू और मैराथन आकर्षण का मुख्य केंद्र रहेंगे।
उत्तराखंड को शीतकालीन खेलों की राष्ट्रीय राजधानी के रूप में स्थापित करेगा यह आयोजन
विंटर गेम्स एसोसिएट्स आफ उत्तराखंड के अध्यक्ष हर्षमणि व्यास ने कहा कि औली की बर्फीली वादियों का यह उत्साह सिर्फ एक खेल आयोजन ही नहीं, खेलों में उत्तराखंड के बढ़ते दखल का प्रतीक है। यह आयोजन प्रदेश के युवाओं, पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई ऊर्जा प्रदान करेगा। साथ ही उत्तराखंड को शीतकालीन खेलों की राष्ट्रीय राजधानी के रूप में स्थापित करने की दिशा में ऐतिहासिक कदम सिद्ध होगा।
16 टीम पहुंचीं औली, एक शुक्रवार को पहुंचेगी
रेस आफिस प्रभारी विजयंत रावत ने बताया कि 16 टीम गुरुवार को औली पहुंच की हैं। इनमें उत्तराखंड की दो टीमों के अलावा हिमाचल प्रदेश, पंजाब, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हरियाणा, महाराष्ट्र, तेलंगाना, ओडिशा, गुजरात, दिल्ली, असोम, कर्नाटक, सेना व आइटीबीपी की टीम शामिल हैं। सीआरपीएफ की टीम शुक्रवार को औली पहुंचेगी।
बताया कि चैंपियनशिप के साथ पर्यटक उत्तराखंड की संस्कृति से भी रूबरू होंगे। विशेष रूप से पांडवाज की प्रस्तुति आकर्षण का केंद्र रहेंगी।
विशेषज्ञों ने किया स्लोप का निरीक्षण
विंटर गेम्स एसोसिएट्स आफ उत्तराखंड के अध्यक्ष हर्षमणि व्यास, सचिव राकेश रंजन भिलंगवाल, स्कीइंग के राष्ट्रीय कोच अजय भट्ट ,आइटीबीपी औली से सहायक सेनानी नानक चंद, जीएमवीएन के स्की प्रशिक्षक प्रदीप मंद्रवाल, कमल किशोर डिमरी व प्रबंधक प्रदीप शाह, क्षेत्रीय प्रबंधक वीरेंद्र गुसाईं व विकेश डिमरी विभिन्न राज्यों के कोच, प्रबंधक व खिलाड़ियों के साथ गुरुवार को नंदा देवी स्लोप व 10 नंबर टावर के पास पुराने स्लोप का निरीक्षण किया।
नेशनल स्कीइंग चैंपियनशिप में शुक्रवार को
ओपनिंग सेरेमनी, खेल मार्च पास्ट, शपथ, सांस्कृतिक कार्यक्रम, फन स्कीइंग, टयूब रेस, ज्वाइंट सलालम, महिला वर्ग की रेस, पांडवाज ग्रुप की सांस्कृतिक प्रस्तुति
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