Social Media Restriction Police: काम के दौरान पुलिस कर्मियों के मोबाइल के इस्तेमाल की शिकायत लगातार मुख्यालय तक पहुंच रही है। फाइल फोटो
संवाद सहयोगी, बगहा (पश्चिम चंपारण)। Police Mobile Ban Order: पुलिसिंग की कार्यशैली में बदलाव के संकेत देते हुए अब चेतावनी नहीं, सीधे कार्रवाई का रास्ता अपनाया जाएगा। ड्यूटी के दौरान मोबाइल फोन का इस्तेमाल या इंटरनेट मीडिया पर सक्रिय पाए जाने वाले पुलिस कर्मियों पर सख्त कार्रवाई तय है। यह साफ निर्देश एसपी कार्यालय और पुलिस लाइन में तैनात अधिकारियों व जवानों को दिया गया है।
यह आदेश पुलिस अधीक्षक रामानंद कुमार कौशल ने कार्यालय एवं पुलिस लाइन के विभिन्न शाखाओं में कार्यरत पुलिस कर्मियों के साथ आयोजित बैठक के दौरान दिया।
एसपी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अब पुलिसिंग में सरकार की मंशा के अनुरूप बदलाव किया गया है और उसी के अनुसार सभी को अपनी कार्यशैली भी बदलनी होगी।
एसपी ने कहा कि कार्यालयीन कार्य के दौरान यदि किसी भी पुलिस कर्मी के हाथ में मोबाइल दिखा या वह फोन पर बात करते पाया गया, तो उसके खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि एसपी कार्यालय और पुलिस लाइन की सभी शाखाओं में कार्य करने वाले कर्मियों के लिए कंप्यूटर और तकनीकी ज्ञान होना अनिवार्य है।
तकनीकी जानकारी नहीं तो बदलेगा कार्यस्थल
बैठक के दौरान एसपी ने पुलिस कर्मियों से स्पष्ट कहा कि जिन लोगों को कंप्यूटर या तकनीकी कार्य की बुनियादी जानकारी नहीं है, वे इसकी सूचना पहले ही दें।
ऐसे कर्मियों को अन्य स्थानों पर तैनात किया जाएगा, जबकि तकनीकी दक्षता रखने वाले कर्मियों को संबंधित शाखाओं में जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। जिनकी जानकारी सीमित है, उनके लिए आने वाले दिनों में प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाएगी।
प्रभारियों को भी सख्त निर्देश
एसपी ने सभी शाखा प्रभारियों को आदेश दिया कि वे अपने-अपने अधीनस्थ कर्मियों को नियमित रूप से तकनीकी और व्यवहारिक प्रशिक्षण दिलाएं। इससे न सिर्फ कार्यालयीन कार्य में दक्षता बढ़ेगी, बल्कि फील्ड वर्क में भी नवाचार और प्रभावी कार्यशैली विकसित हो सकेगी।
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि इन कदमों का उद्देश्य आम जनता को त्वरित, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण पुलिस सेवा उपलब्ध कराना है। आने वाले दिनों में लापरवाही और अनुशासनहीनता किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। |
|